वाशिंगटनः भारतीय मूल की अमेरिकी हरमीत कौर ढिल्लों ने अमेरिका की सहायक अटॉर्नी जनरल एवं न्याय विभाग के नागरिक अधिकार प्रभाग (सिविल राइट्स डिवीजन) की प्रमुख के पद से इस्तीफा दे दिया है। अमेरिकी चुनावों के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रशासन से पद छोड़ने वाली वह पहली वरिष्ठ अधिकारी बन गई हैं।
चंडीगढ़ में एक पंजाबी सिख परिवार में जन्मीं ढिल्लों के माता-पिता पहले लंदन गए थे और इसके बाद वे अंततः अमेरिका में बस गए। अमेरिका के अटॉर्नी जनरल टॉड ब्लांश ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट के जरिए उनके इस्तीफे की घोषणा की। उन्होंने कहा कि ढिल्लों ने नागरिक अधिकार प्रभाग का नेतृत्व दृढ़ संकल्प के साथ किया।
ब्लांश ने बृहस्पतिवार को सोशल मीडिया पर लिखा कि हर अमेरिकी की नागरिक स्वतंत्रता की रक्षा की और बिना किसी भय या पक्षपात के कानून लागू किया।
उन्होंने कहा कि विभाग उनकी समर्पित सार्वजनिक सेवा के लिए आभारी है और उनके भविष्य के लिए उन्हें शुभकामनाएं देता है। ढिल्लों की विधि कंपनी डोनाल्ड ट्रंप की चुनावी कानूनी टीम का हिस्सा रही थी। उन्होंने एक समाचार चैनल को बताया कि उन्होंने अपनी मर्जी से इस्तीफा दिया है।
साथ ही यह भी बताया कि अमेरिकी राष्ट्रपति के आधिकारिक आवास एवं कार्यालय व्हाइट हाउस की चीफ ऑफ स्टाफ सूसी वाइल्स के अनुरोध पर उन्होंने अपने इस्तीफे की घोषणा चुनाव परिणाम के बाद तक के लिये रोक दी थी।
ढिल्लों ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि नागरिक अधिकारों के लिए सहायक अटॉर्नी जनरल (एएजी) के रूप में अपने देश की सेवा करना मेरे जीवन का सबसे बड़ा सम्मान रहा है। मुझे यह अवसर देने के लिए मैं राष्ट्रपति (डोनाल्ड) ट्रंप का धन्यवाद करना चाहती हूं। मैं आगे आने वाले अवसरों को लेकर उत्साहित हूं।
