चंडीगढ़: हरियाणा के लोक निर्माण एवं जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री रणबीर गंगवा ने डीएलपी अवधि के दौरान सड़कों की मरम्मत में लापरवाही बरतने वाली एजेंसियों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि सड़क खराब होने के बावजूद यदि संबंधित एजेंसी समय पर उसकी मरम्मत नहीं करती है तो विभाग कार्रवाई करने में देरी नहीं करेगा। ऐसी एजेंसी की बैंक गारंटी कैश करवाकर विभाग अपने स्तर पर कर्मचारी, रोलर और अन्य संसाधन लगाकर सड़क की मरम्मत करवाएगा।
कैबिनेट मंत्री रणबीर गंगवा ने यह निर्देश हरियाणा सिविल सचिवालय स्थित अपने कार्यालय में लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों के साथ आयोजित समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए दिए। बैठक में पीडब्ल्यू (बी एंड आर) विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव एके सिंह, अतिरिक्त सचिव हितेश कुमार मीणा, चीफ इंजीनियर स्तर के अधिकारियों सहित एसीएसपीडब्ल्यू, ईआईसी (बिल्डिंग्स), ईआईसी (रोड्स), सभी संबंधित एसई और एक्सईएन शामिल हुए।
गंगवा ने कहा कि प्रदेश में लगभग 19 हजार किलोमीटर सड़कें डीएलपी अवधि में हैं। इन सड़कों के रखरखाव और समय पर मरम्मत की जिम्मेदारी संबंधित एजेंसी की है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि डीएलपी अवधि वाली सड़कों की नियमित निगरानी की जाए और सड़क में किसी भी प्रकार की खराबी सामने आने पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
बैठक में हरियाणा के 11 सर्कलों में करीब 2,813.339 किलोमीटर सड़कों से संबंधित कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई। इसके अलावा हरसैक परियोजना, ‘म्हारी सड़क’ ऐप, वर्क प्रोग्राम 2026-27 तथा मॉडल रोड से संबंधित कार्यों पर भी चर्चा हुई। मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जहां भी कार्य में देरी हो रही है, वहां तेजी लाई जाए और सभी कार्य निर्धारित समयसीमा में पूरे किए जाएं।
सरकारी भवनों की छतों पर सोलर पैनल लगाने की व्यवस्था को लेकर भी चर्चा हुई। गंगवा ने संबंधित अधिकारियों को सरकार के निर्देशों के अनुरूप सरकारी भवनों पर सौर ऊर्जा की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने यह भी कहा कि लोक निर्माण विभाग द्वारा बनाए जाने वाले स्कूल, कॉलेज, अस्पताल अथवा अन्य सरकारी भवन निर्धारित मापदंडों के अनुरूप हों तथा भवन पर उपयुक्त डिस्प्ले/प्लेट लगाई जाए, जिससे निर्माण कराने वाले विभाग की जानकारी स्पष्ट रूप से प्रदर्शित हो।
