पूर्व स्वास्थ्य मंत्री ब्रह्म मोहिंद्रा पर लगाए थे घोटाले के आरोप
पटियालाः पंजाब के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री ब्रह्म मोहिंद्रा की ओर से दायर मानहानि के मामले में अदालत ने पूर्व विधायक सिमरजीत सिंह बैंस को दोषी ठहराया है। पटियाला की मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (CJM) एकता सहोता की अदालत ने बैंस को भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 500 के तहत एक साल की कैद की सजा सुनाई है। यह मामला ब्रह्म मोहिंद्रा पर लगाए गए कथित घोटाले के आरोपों से जुड़ा है।
क्या है पूरा मामला
यह मामला पंजाब के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री ब्रह्म मोहिंद्रा और पूर्व विधायक सिमरजीत सिंह बैंस के बीच का है। सिमरजीत सिंह बैंस ने ब्रह्म मोहिंद्रा पर घोटाले से जुड़े आरोप लगाए थे। इसके बाद ब्रह्म मोहिंद्रा ने इन आरोपों को लेकर मानहानि का मामला दर्ज कराया था।
ब्रह्म मोहिंद्रा की ओर से दायर मामले की सुनवाई पटियाला की अदालत में चल रही थी। सुनवाई के बाद CJM एकता सहोता की अदालत ने सिमरजीत सिंह बैंस को दोषी करार दिया। अदालत ने उन्हें IPC की धारा 500 के तहत एक साल जेल की सजा सुनाई।
भारतीय दंड संहिता की धारा 500 मानहानि के अपराध के लिए सजा का प्रावधान करती है। किसी व्यक्ति के बारे में ऐसे आरोप या बयान देना, जिससे उसकी प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचे, मानहानि के दायरे में आ सकता है। इस धारा के तहत दोषी पाए जाने पर जेल, जुर्माना या दोनों की सजा का प्रावधान है।
इस फैसले के बाद ब्रह्म मोहिंद्रा की ओर से दायर मानहानि का मामला एक बार फिर चर्चा में आ गया है। अदालत ने सिमरजीत सिंह बैंस को दोषी मानते हुए एक साल की कैद सुनाई है। यह मामला राजनीतिक आरोपों और मानहानि से जुड़ा हुआ है।
