मानसाः परिवंदर झोटा मर्डर केस को लेकर देर रात सीबीआई की टीम मानसा पहुंची। जहां सीबीआई द्वारा मामले की जांच की गई। इस दौरान सीबीआई ने इस हत्याकाडं को लेकर एक बार फिर से मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। सीबीआई ने पिता के बयानों पर एफआईआर दर्ज की है। वहीं परिवार परविंदर झोटा का पोस्टमार्टम करवाने के लिए राजी हो गया है। ऐसे में झोटा का पोस्टमार्टम चंडीगढ़ के पीजीआई में करवाया जाएगा।

दरअसल, सीबीआई की टीम का नेतृत्व वरिष्ठ डीआईजी कर रहे हैं। बुधवार को सीबीआइ की टीम ने मृतक के परिवार से मुलाकात की और उनके बयान लिए। जांच में फारेंसिक विशेषज्ञों, ड्रग कंट्रोलर्स और अन्य विशेषज्ञों को भी शामिल किया गया। यह विशेषज्ञ घटनाक्रम से जुड़े साक्ष्यों की जांच करेंगे, ताकि हत्या से संबंधित महत्वपूर्ण तथ्यों का पता लगाया जा सके।
सीबीआई ने चंडीगढ़ में इसे लेकर एक FIR भी दर्ज कर दी है। जिसके बाद पांच सदस्यों की विशेष सीबीआई टीम ने मानसा में थाना सिटी-2 पहुंचकर परविंदर झोटा हत्याकांड से जुड़े तमाम महत्वपूर्ण दस्तावेज अपने कब्जे में ले लिए। इसके साथ ही, टीम ने मामले के जांच अधिकारी से लंबी पूछताछ की। सीबीआई की टीम ने अश्विनी कुमार के हथियार लाइसेंस, मेडिकल लाइसेंस और अन्य जरूरी कागजातों की करीब डेढ़ घंटे तक बारीकी से जांच-पड़ताल की।
बता दें कि मुख्यमंत्री भगवंत मान ने परविंदर सिंह झोटा के मामले की जांच मंगलवार को सीबीआइ को सौंप दी थी। उन्होंने कहा कि परिवार की मांग का सम्मान करते हुए यह फैसला लिया था। वहीं सीबीआई अधिकारी इस बात की जांच करेंगे कि प्रतिबंधित नशीले पदार्थों की केमिस्ट की दुकानों पर खुलेआम बिक्री के पीछे क्या कोई संबंध है। सीबीआई मानसा में पंजाब पुलिस से मामले से जुड़े दस्तावेज अपने कब्जे में लेगी।
भ्रष्टाचार-रोधी जांच एजेंसी केमिस्ट अश्विनी कुमार और अन्य लोगों की कस्टडी की मांग करेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब सरकार परविंदर सिंह झोटा के पिता और उनके परिवार के साथ मजबूती से खड़ी है। नशे के खिलाफ लड़ाई में सरकार पीछे नहीं हटेगी। पंजाब के युवाओं की रक्षा करना और उनके भविष्य को सुरक्षित बनाना सरकार की प्राथमिकता है।
