40 सालों से हरियाणा में पंजाबी भाषा को लेकर उठाया मुद्दा
जालंधर, ENS: कांग्रेस सासंद चरणजीत सिंह चन्नी की अगुवाई में प्रेस वार्ता की गई। इस दौरान पंजाब अकाली भाजपा गठबंधन और क्राइम को लेकर मुद्दे उठाए गए। प्रेस वार्ता में सासंद चन्नी, विधायक अवतार हैनरी, सुखविंदर कोटली, लाडो शेरोंवालिया सहित अन्य नेता मौजूद रहे। इस दौरान विधायक बावा हैनरी अकाली भाजपा के साथ गठबंधन को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि अभी तक पंजाब के पुराने मुद्दे हल नहीं हुए।
इस दौरान उन्होंने कहा कि क्या अकाली दल इसका जवाब देंगी, जब किसान आंदोलन के दौरान 700 किसानों के शहीद होने का मुद्दा उठाया। वहीं हरियाणा के मुख्यमंत्री नायाब सैनी को लेकर कहा कि उन्हें भाजपा ने पंजाब का इंचार्ज बनाया हुआ है, ऐसे में क्या वह पंजाब के पानी के मुद्दे को हरियाणा से हल कर देंगें। क्या भाजपा चंडीगढ़ के मुद्दे को हल करके उसे पंजाब को दे देंगी। डैम एक्ट जो 2021 में पारित हुआ था, क्या उसे भाजपा कैंसिल कर देंगी। पंजाब यूनिवर्सिटी का मसला, पंजाब के लोगों की 60 और 40 प्रतिशत नौकरियों के मसले को हल कर दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि राजोआना के मुद्दे को क्या अकाली-भाजपा हल कर देंगी। वहीं सिख तालमेल कमेटी द्वारा आज उठाए गए मुद्दों को लेकर विधायक हैनरी ने कहा कि यहां पर जात-पात का मुद्दा नहीं है। पंजाब में मुख्यमंत्री हिंदू-सिख सहित कोई भी बन सकता है। आज के समय में मुख्यमंत्री सिख है, उससे पहले भी चरणजीत सिंह चन्नी भी सिख मुख्यमंत्री थे। उन्होंने कहा कि 40 सालों से हरियाणा में पंजाबी भाषा को तव्वजों नहीं दी गई, वहां पर तामिल को तव्वजों दी गई। पंजाब में होने वाले विधानसभा चुनावों पर उम्मीदवारों की सूची पर कहा कि हाईकमान इस पर फैसला करेंगे। वहीं मुख्यमंत्री के मुद्दे पर कहा कि वह भी हाईकमान फैसला करेंगी।
