कानपुरः घाटमपुर के दीना मार्केट में एक भीषण हादसा हो गया, यहां पर शॉर्ट सर्किट के चलते तीन दुकानों में अचानक आग लग गई। सुबह के समय बाजार खुल ही रहा था कि स्थानीय लोगों ने एक दुकान से धुआं उठते देखा। लोगों ने तुरंत पुलिस और फायर ब्रिगेड को सूचना दी। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया और पास की दो अन्य दुकानों को भी अपनी चपेट में ले लिया। घनी आबादी वाला क्षेत्र होने के कारण जिला प्रशासन और फायर ब्रिगेड ने 7 से अधिक दमकल की गाड़ियों को मौके पर भेजा। कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया, हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई।
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घटना ईदगाह स्थित गूदड़ बस्ती के जनता गैराज में रात करीब 10:50 बजे हुई। स्थानीय लोगों के अनुसार, आग की लपटें इतनी तेज थीं कि वे करीब 25 फीट की ऊंचाई तक उठ रही थीं। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया, जिससे आसपास की दुकानों और मकानों में रहने वाले लोगों के बीच अफरा-तफरी मच गई। सुरक्षा के मद्देनजर प्रशासन ने तुरंत आसपास की दुकानों को खाली करा लिया। बताया जा रहा है कि तीनों दुकानें एक ही परिवार के भाइयों की थीं, जिससे नुकसान और भी अधिक हो गया। आग इतनी तेजी से फैली कि दुकान के अंदर मौजूद एक युवक बाहर नहीं निकल सका और जिंदा जलकर उसकी दर्दनाक मौत हो गई।
मौके पर पहुंची फायर ब्रिगेड की टीम लगातार आग पर काबू पाने का प्रयास कर रही है, जबकि पुलिस ने क्षेत्र को घेरकर लोगों को सुरक्षित दूरी पर रखा है। आग की चपेट में आने से दुकानों में रखा लाखों रुपये का सामान जलकर पूरी तरह राख हो गया। इस हादसे में एक बुजुर्ग दुकानदार की जिंदा जलकर मौत हो गई, जबकि परिवार के 5 अन्य सदस्य गंभीर रूप से झुलस गए। वहीं दुकान में रखा सारा सामान जलकर राख हो गया। अग्निशमन विभाग की 5 गाड़ियों ने मौके पर पहुंचकर कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। घाटमपुर के बेहटा बुजुर्ग निवासी 3 भाइयों रामकिशन, सत्यनारायण और रज्जनलाल की दीना मार्केट में दुकानें हैं। इन दुकानों के ऊपर ही पूरा परिवार रहता है।
शनिवार सुबह जब दुकान से धुआं उठना शुरू हुआ, तो स्थानीय लोगों ने शोर मचाया। नींद खुलने पर बड़े भाई रामकिशन (70) आग बुझाने या परिजनों को सचेत करने नीचे की ओर भागे, लेकिन धुएं के भारी गुबार के कारण वे बेहोश होकर गिर गए और लपटों की चपेट में आने से उनकी जान चली गई। हादसे में झुलसे रामकिशन की पत्नी गोमती (66), बेटा हरिओम (40), बहू श्रेया, चार माह का मासूम शिवाथ और भतीजी आयुषी को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। किराना स्टोर में रखे घी और तेल के कारण आग ने विकराल रूप ले लिया था, जिसे बुझाने में घंटों मशक्कत करनी पड़ी।
