चंडीगढ़: हरियाणा के विकास एवं पंचायत मंत्री कृष्ण लाल पंवार ने कहा कि राखीगढ़ी की ऐतिहासिक धरती हमारी प्राचीन सभ्यता, ज्ञान, कौशल और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत की पहचान है। यहां मिले पुरातात्विक अवशेष हजारों वर्ष पुराने मानव जीवन और विकसित नगरीय व्यवस्था की जानकारी देते हैं। इस धरोहर का संरक्षण करना और इसके ऐतिहासिक महत्व को देश-दुनिया तक पहुंचाना हम सभी का दायित्व है।
कृष्ण लाल पंवार शनिवार को हांसी जिला के गांव राखीगढ़ी में आयोजित “अंतरराष्ट्रीय राखीगढ़ी महोत्सव” के अंतर्गत आयोजित अंतरराष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने देश भर से आए तथा विदेश से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जुड़े इतिहासकारों, पुरातत्वविदों, शिक्षाविदों, प्रशासनिक अधिकारियों और अन्य अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि इस प्रकार के आयोजन विशेषज्ञों को अपने शोध और अनुभव साझा करने का अवसर प्रदान करते हैं। इससे राखीगढ़ी की ऐतिहासिक महत्ता को व्यापक स्तर पर समझने और प्रचारित करने में मदद मिलती है।
कृष्ण लाल पवार ने आगे कहा कि हरियाणा की पहचान कृषि, खेल और देश की सेवा में जवानों के योगदान के साथ-साथ इसकी समृद्ध लोक संस्कृति और ऐतिहासिक धरोहरों से भी है। प्रदेश की रागनियां, लोकगीत, पारंपरिक खानपान और ग्रामीण जीवन हमारी विशिष्ट सांस्कृतिक पहचान को दर्शाते हैं। राखीगढ़ी इस विरासत का महत्वपूर्ण हिस्सा है, जिसे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने चाहिए।