नई दिल्ली: AISA की अध्यक्ष नेहा बोरा ने शनिवार को एक अहम प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने मोदी सरकार पर निशाना साधा। नेहा ने कहा कि आप सभी लोग यह देख रहे हैं कि पिछले कुछ दिनों से क्या चल रहा है क्या हो रहा है। उन्होंने आगे कहा कि आपने वो मूवमेंट भी देखा जो इस समय ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा मांगते हुए SIR पर रोक लगाते हुए पूरे देश भर में हुआ है।
पीस बॉन्ड साइन नहीं करेंगे
नेहा बोरा ने आगे कहा कि – ‘हमसे राइट टू डेमोक्रेटिक डिसेंट भी छीना जा रहा है। इस उम्मीद के साथ हम इस पीस बॉन्ड का साइन नहीं करेंगे। इसे हम यू ही चैलेंज नहीं करते रहेंगे क्योंकि इस पीस बॉन्ड को साइन करने से ये संदेश जाएगा कि इस देश में किसी भी डेमोक्रेटिक और शांतिपूर्ण प्रदर्शन को रोकने के लिए इस तरह के पीस बॉन्ड का इस्तेमाल किया जा पाएगा’।
What is peace according to the Police? Asks Neha Bora. https://t.co/JwxDwW9Jrf
— Neha Bora Team (@NehaAisa) October 24, 2026
लोकतंत्र का क्या अर्थ है?
नेहा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह कहा कि – ‘हम लोगों को रोकने के लिए जो भी कदम सरकार उठा रही है वो आप सभी ने देखे तो हम उन्हीं कुछ चीजों पर बात करेंगे। उन्होंने यह भी बताया कि हाई कोर्ट हम लोग इसलिए नहीं गए क्योंकि जो नोटिस हमने रिसीव किया हमें उसको चैलेंज करना जरुरी लगा’। नेहा ने कहा कि – ‘लोकतंत्र कोई ऐसी चीज तो नहीं है जो समझ ही नहीं आए। एक हिंदुस्तान जैसे बड़े देश के लिए आम जनता लोकतंत्र से कुछ समझती है। उसमें जो दो ब्रॉड कैटेगरीज हैं’।
लोगों से छीना जा रहा राइट टू वोट
नेहा ने कहा कि – ‘जो हम लोग लोकतंत्र से समझते हैं उसमें से एक है हमारा राइट टू वोट और दूसरा है हमारे हक और अधिकार पर यदि कोई हमला होता है तो उसके खिलाफ अपनी बात रखने का अधिकार। सरकार पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि आज राइट टू वोट को हम देख रहे हैं कि SIR के जरिए इसको लोगों से छीना जा रहा है’। 13 करोड़ लोग इलेक्टरोल रोल से हटाए जाते हैं। उन्होंने यह कहा कि इस देश को जो चीज लोकतंत्र बनाती है वो है चुनाव और उसको ही लोकतांत्रिक रुप से नहीं होने दिया जा रहा है।