कीवः रूस ने रविवार-सोमवार रात यूक्रेन पर फिर बड़ा हमला किया। इस हमले में राजधानी कीव और क्रिवीरीह में तीन लोग मारे गए और कई घायल हुए हैं, साथ ही 10 से ज्यादा ऊर्जा संयंत्रों को बड़ा नुकसान हुआ है। ऊर्जा संयंत्रों पर हमले से साढ़े 5 लाख घरों की बिजली गुल हो गई है। इस बीच यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने अमेरिका का नाम लिए बगैर कहा कि रूस के इस बड़े हमले से पहले सहयोगी देशों ने उसे पूर्व चेतावनी नहीं दी।
रूस ने ताजा हमले में कीव और अन्य इलाकों में 16 बैलेस्टिक मिसाइलों और 300 से ज्यादा ड्रोन का इस्तेमाल किया। इस हमले की जद में कीव, खार्कीव, निप्रो, ओडेसा, क्रिवीरीह और अन्य शहर आए। इन शहरों में स्थित बिजलीघरों और गैस स्टेशनों को रूसी मिसाइलों और ड्रोन ने निशाना बनाया। हमलों में कीव में एक महिला की मौत हुई जबकि क्रिवीरीह में दो लोग मारे गए। अमेरिका और वहां के राष्ट्रपति ट्रंप से चल रही तीखी बयानबाजी के बीच यूक्रेनी राष्ट्रपति ने कहा, ताजा हमले से पहले उन्हें कोई खुफिया चेतावनी नहीं मिली जिससे बचाव या हमले को विफल करने के उपाय किए जा सकते।
लेकिन यूक्रेनी वायुसेना ने रूस के दूसरी बार के हमले से पहले चेतावनी संदेश मिलने की बात कही है। जेलेंस्की ने कहा, जब यूक्रेन को इंटरसेप्टर मिसाइलों की आपूर्ति ठप हो और रूस पर लगने वाले प्रतिबंधों में विलंब किया जा रहा हो तो वह हमारे सहयोगी की भूमिका पर सवाल खड़े करता है। जाहिर है जेलेंस्की ने अमेरिका का नाम लिए बगैर उस पर ही कटाक्ष किया है। विदित हो कि साढ़े चार वर्ष के युद्ध में यूक्रेन को ज्यादातर समय रूस से बैलेस्टिक मिसाइल दागे जाने की अमेरिकी सिस्टम से अर्ली वार्निंग मिल जाती थी जिससे वह काफी हद तक बचाव कर लेता था। इस चर्चा के बीच अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने यूक्रेन को खुफिया सूचना या पूर्व चेतावनी रोकने के अमेरिका में किसी भी निर्णय से इन्कार किया है।
