नई दिल्ली : राजस्थान के जयपुर में श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के प्रमुख सुखदेव सिंह गोगामेड़ी को गोली मारने वाले दोनों आरोपियों की पहचान हो गई है। एक आरोपी का नाम रोहित राठौर है। जो कि नागौर के मकराना का रहने वाला है। वहीं दूसरे का नाम नितिन फौजी है। वो हरियाणा के महेंद्रगढ़ का रहने वाला है। फिलहाल दोनों फरार हैं। दोनों ने मिलकर सुखदेव सिंह गोगामेड़ी को गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया था। गत दिवस राजस्थान की राजधानी जयपुर में कपड़ा कारोबारी नवीन शेखावत 2 युवकों के साथ श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के प्रमुख सुखदेव सिंह गोगामेड़ी के घर आया। सोफे पर एक तरफ सुखदेव बैठे थे तो सामने दोनों युवक। वहीं बगल में नवीन शेखावत भी बैठा था। किसी सिलसिले में चारों आपस में बात कर ही रहे थे कि तभी सुखदेव के मोबाइल पर एक कॉल आया। जैसे ही सुखदेव ने कॉल उठाया, नवीन के साथ आए दोनों युवकों में से एक युवक अचानक उठा और सुखदेव को गोली मार दी। बिना समय गंवाए दूसरे युवक ने भी फायरिंग शुरू कर दी। सुखदेव को जैसे ही गोली लगी तो उनके शरीर से खून की धार निकलनी शरू हो गई। वहां मौजूद सुखदेव के बॉडीगार्ड कुछ समझ पाते कि तभी दोनों युवकों ने नवीन शेखावत पर भी फायरिंग कर दी। पूरा कमरा गोलियों की आवाज से गूंज पड़ा। फायरिंग के दौरान गोगामेड़ी के गार्ड ने उन्हें बचाने की कोशिश भी की। लेकिन बदमाशों ने उस पर भी फायरिंग कर दी। जाते समय भी एक बदमाश ने गोगामेड़ी के सिर में गोली मार दी।

फिर दोनों बदमाश वहां से भागने लगे। इस दौरान सुखदेव के गार्ड्स ने उन्हें रोकने की कोशिश की तो बदमाशों ने उन पर भी फायरिंग की जिस कारण गार्ड अजीत सिंह भी गंभीर रूप से घायल हो गया। फायरिंग के बाद दो बदमाश दौड़ते हुए एक गली से निकले और एक कार को रोककर लूटने की कोशिश की। उन्होंने ड्राइवर को पिस्तौल दिखाते हुए हवाई फायर किया तो ड्राइवर गाड़ी भगाकर भाग गया। इस दौरान पीछे से आ रहे स्कूटी सवार को शूटरों ने निशाना बनाया। बदमाशों ने स्कूटर सवार को गोली मार दी गई। जिसके बाद वह भी घायल हो गया। इसके बाद बदमाश भाग निकले। वहीं, खून से लथपथ हालत में सोफे पर पड़े गोगामेड़ी को इलाज के लिए तुरंत अस्पताल ले जाया गया। लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। खबर फैली तो पूरे राजस्थान में हंगामा मच गया। सूचना मिलने पर श्याम नगर थाना पुलिस भी मौके पर पहुंची। गोगामेड़ी के संगठन से जुड़े लोगों ने अस्पताल के बाहर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। उन्होंने पीड़ितों के लिए न्याय की मांग करते हुए मानसरोवर में सड़कें अवरुद्ध कर दीं।

20 सेकंड में 6 गोलियां बरसाईं
जयपुर के पुलिस कमिश्नर बीजू जॉर्ज जोसेफ के मुताबिक, यह पूरी वारदात सुखदेव के घर में लगे सीटीटीवी में कैद हो गई थी। पाया गया कि 20 सेकंड के अंदर 6 बार गोलियां चलाई गईं। वहीं पूरी वारदात में कुल 17 बार फायरिंग की गई है। उन्होंने बताया कि आरोपी एक एसयूवी कार में सवार होकर आए थे, जो पुलिस ने गोगामेड़ी के घर के बाहर से बरामद कर ली है। उस कार से एक बैग, शराब की बोतल और खाली गिलास मिले हैं। घटना के बाद एफएसएल टीम की मदद से फायरिंग वाली जगह यानी मौका-ए-वारदात से तमाम तरह के सुबूत जुटाए गए हैं।
