पंचकूलाः हरियाणा राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग (HSCPCR) और मानवाधिकार आयोग की टीम ने पंचकूला के सेक्टर-20 स्थित संस्कृति मॉडल स्कूल में 6 वर्षीय मासूम बच्ची पर हुए जानलेवा हमले के मामले में स्वतः संज्ञान (Suo Motu) लेते हुए जांच शुरू कर दी है। आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति ललित बत्रा और असिस्टेंट रजिस्ट्रार डॉ. पुनीत अरोड़ा स्कूल पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण कर मामले से जुड़ी परिस्थितियों की जानकारी ली।
मामले ने उस समय और गंभीर रूप ले लिया, जब बच्ची के चाचा ने स्कूल की सुरक्षा व्यवस्था और सीसीटीवी कैमरों की निगरानी को लेकर सवाल उठाए। परिजनों का आरोप है कि घायल बच्ची तक उन्हें पहुंचाने वाला कोई और नहीं, बल्कि घटना में कथित रूप से शामिल छात्र ही था। इस दावे ने स्कूल में बच्चों की सुरक्षा और घटना के बाद अपनाई गई प्रक्रिया पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
इस प्रकरण में हरियाणा सरकार पहले ही जांच कमेटी गठित कर चुकी है। अब मानवाधिकार आयोग की टीम के स्कूल पहुंचने के बाद जांच का दायरा और महत्वपूर्ण हो गया है। जांच के दौरान किन तथ्यों का खुलासा होता है और स्कूल प्रबंधन की जिम्मेदारी किस हद तक तय होती है, इस पर सबकी निगाहें टिकी हैं। आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति ललित बत्रा और असिस्टेंट रजिस्ट्रार डॉ. पुनीत अरोड़ा ने कहा इसकी रिपोर्ट ऊपर भेजेगे। इस दौरान स्कूल अथॉरटी को भी रकेम्नेड करेंगे।
