ऊना,सुशील पंडित: अटल बिहारी वाजपेयी राजकीय महाविद्यालय बंगाणा में आज अभिभावक-शिक्षक संघ का गठन किया गया। बैठक में अभिभावकों एवं शिक्षकों की सहभागिता से नई कार्यकारिणी का गठन किया गया। इसमें मुनीश कुमार को प्रधान तथा सीमा देवी को उपप्रधान चुना गया। कार्यकारिणी में डॉ. कुलदीप सिंह को सचिव, अनीता कुमारी को संयुक्त सचिव, कमलेश कुमारी को मुख्य सलाहकार तथा सोमा देवी को कोषाध्यक्ष नियुक्त किया गया। इसके अतिरिक्त संजय सोनी और अंजू देवी को सह-नामित सदस्य बनाया गया।
अभिभावक वर्ग से राजन सोनी, सचिन शर्मा, तृप्ता देवी और ममता देवी को सदस्य बनाया गया। वहीं, शिक्षण स्टाफ की ओर से प्रो. नंद लाल, डॉ. रीना देवी और डॉ. किरण ठाकुर को कार्यकारिणी में शामिल किया गया। प्राचार्य ने शिक्षा में अभिभावकों की भूमिका को बताया महत्वपूर्ण इस अवसर पर महाविद्यालय की प्राचार्य प्रो. रेखा शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य और सर्वांगीण विकास के लिए महाविद्यालय तथा अभिभावकों के बीच बेहतर समन्वय आवश्यक है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की शैक्षणिक प्रगति के साथ-साथ उनके नैतिक मूल्यों, अनुशासन और व्यक्तित्व विकास में भी अभिभावकों की महत्वपूर्ण भूमिका रहती है।
उन्होंने अभिभावकों से महाविद्यालय की शैक्षणिक एवं सह-शैक्षणिक गतिविधियों में सक्रिय सहयोग देने का आह्वान किया। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि नई PTA कार्यकारिणी महाविद्यालय के विकास तथा विद्यार्थियों के हित में प्रभावी भूमिका निभाएगी। PTA प्रधान ने दिया सहयोग का आश्वासन नवनिर्वाचित PTA प्रधान मुनीश कुमार ने अपने संबोधन में महाविद्यालय प्रबंधन, प्राचार्य, शिक्षकों और सभी अभिभावकों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि अभिभावक-शिक्षक संघ की जिम्मेदारी मिलना उनके लिए सम्मान के साथ-साथ एक महत्वपूर्ण दायित्व भी है।
उन्होंने आश्वासन दिया कि वे सभी सदस्यों के सहयोग से महाविद्यालय के हित में कार्य करेंगे तथा अभिभावकों और शिक्षकों के बीच बेहतर संवाद स्थापित करने का प्रयास करेंगे। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की समस्याओं को समझना, उनकी शैक्षणिक प्रगति में सहयोग देना और महाविद्यालय के विकास से संबंधित आवश्यक विषयों पर सामूहिक रूप से कार्य करना PTA की प्राथमिकताओं में शामिल रहेगा। मुनीश कुमार ने सभी अभिभावकों से संघ की गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने की अपील करते हुए कहा कि सामूहिक प्रयासों से विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध करवाया जा सकता है।
