ऊना,सुशील पंडित: जिला ऊना वन विभाग द्वारा मनाए जा रहे वन्यजीव संरक्षण अभियान के तहत बुधवार को राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला टक्का में वन विभाग की ओर से प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों को वन्यजीव संरक्षण, पर्यावरण एवं जैव विविधता के प्रति जागरूक करना और उनके सामान्य ज्ञान में वृद्धि करना रहा। प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए वन्यजीवों एवं पर्यावरण से जुड़े विभिन्न सवालों के जवाब दिए। कार्यक्रम में रेंज ऑफिसर ऊना अंकुश सिंह ठाकुर ने मुख्यातिथि के रूप में शिरकत की।
जबकि उनके साथ स्कूल प्रधानाचार्य बलविंद्र कुमार और डिप्टी रेंज ऑफिसर रोहित धीमान विशेष रूप से मौजूद रहे। प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता में विभिन्न टीमों के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिला। विद्यार्थियों ने अपनी जानकारी और त्वरित उत्तर देने की क्षमता का प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता में टीम ए से अक्षिता, निकिता और प्रेरणा ने प्रथम, टीम बी से देवी धनवर्षा ओर चाहत ने द्वितीय तथा टीम एफ से सभ्यता ओर सुखविंदर कौर ने तृतीय स्थान हासिल किया। विजेता टीम को मुख्यातिथि अंकुश सिंह ठाकुर और स्थानीय प्रधानाचार्य बलविंद्र कुमार ने 1500 रुपये, उपविजेता टीम को 1000 रुपये तथा तृतीय स्थान प्राप्त करने वाली टीम को 500 रुपये का नकद पुरस्कार प्रदान किया गया।
इसके साथ ही तीनों विजेता टीमों को स्मृतिचिह्न देकर सम्मानित किया गया। मुख्यातिथि अंकुश सिंह ठाकुर ने विद्यार्थियों को वन्यजीवों के संरक्षण के महत्व के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि वन्यजीव और वन पर्यावरण के महत्वपूर्ण अंग हैं। इनके संरक्षण के लिए समाज के प्रत्येक वर्ग को अपनी जिम्मेदारी निभानी चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों से पर्यावरण संरक्षण को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। इस अवसर पर स्कूल के प्रधानाचार्य बलविंद्र कुमार वन विभाग की ओर से विद्यार्थियों के लिए आयोजित इस प्रकार की जागरूकता गतिविधियों की सराहना की।
उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को किताबों के ज्ञान के साथ-साथ पर्यावरण और वन्यजीव संरक्षण के प्रति व्यवहारिक जानकारी देना भी जरूरी है। कार्यक्रम में उप प्रधानाचार्य वरिंद्र कपिल, डिप्टी रेंजर रोहित धीमान, कुलदीप कुमार, दविंद्र कुमार सहित अन्य वन सुरक्षाकर्मी एवं वन मित्र भी मौजूद रहे। वन विभाग के अधिकारियों ने विद्यार्थियों को वन्यजीवों की सुरक्षा, जंगलों के संरक्षण तथा प्राकृतिक संसाधनों के महत्व के बारे में जानकारी दी। वन विभाग की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को यह संदेश दिया गया कि वन्यजीवों का संरक्षण केवल वन विभाग की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति का दायित्व है। विद्यार्थियों ने भी पर्यावरण एवं वन्यजीव संरक्षण के प्रति जागरूक रहने का संकल्प लिया।
