संगरूरः सुनाम के गांव नमोल में नशे के खिलाफ सोशल मीडिया पर वीडियो पोस्ट करने वाले जग्गा सिंह ने सुसाइड का प्रयास किया। पुलिस ने उसकी पत्नी के बयान पर गांव के सरपंच पर केस दर्ज किया है। वहीं एसएसपी ने प्रेस कांफ्रेंस कर मामले में बड़े खुलासे किए हैं। एसएसपी रवजोत कौर ग्रेवाल ने कहा कि कल डीसी ऑफिस में जग्गा सिंह नाम के एक व्यक्ति ने कोई जहरीली चीज खा ली। जग्गा सिंह के खिलाफ 9 एफआईआर दर्ज हैं।
एसएसपी ने बताया कि 4 मामलों में वह दोषी ठहराया जा चुका है। इनमें आबकारी और एनडीपीएस से जुड़े मामले शामिल हैं। चार अन्य मामलों में उस पर केस चल रहा है। उस पर दुष्कर्म का भी एक मामला है। 12 सितंबर को सोशल मीडिया पर एक वीडियो सामने आया था जिसमें उसने पुलिस को धमकी दी थी कि अगर उसके मामले में कोई कार्रवाई नहीं हुई, तो वह आत्महत्या कर लेगा।
इस संबंध में 12 सितंबर को ही मामला दर्ज किया गया था। पंचायत का कहना है कि जग्गा सिंह को राजनीतिक रूप से उकसाया जा रहा है। उनका कहना है कि गांव में ड्रग्स के खिलाफ कार्रवाई करने की कोशिश करने वाले किसी भी व्यक्ति को वह रोकता है। जग्गा सिंह का आपराधिक इतिहास रहा है और उसे राजनीतिक रूप से उकसाया जा रहा है। इस मामले से जुड़े तथ्य जांच का विषय हैं। अस्पताल में उपचाराधीन पीड़ित जग्गा सिंह ने बताया कि उसने इलाके में बिक रहे नशे के खिलाफ आवाज उठाते हुए एक वीडियो पोस्ट की थी। उसने यह भी स्वीकार किया कि वह अतीत में खुद नशे का आदी रह चुका है।
पीड़ित का आरोप है कि वीडियो सामने आने के बाद गांव का सरपंच और उसके साथी उसे लगातार प्रताड़ित करने लगे। आरोपियों ने उसके घर में घुसकर तोड़फोड़, मारपीट और जान से मारने की धमकियां दीं। साक्ष्य मिटाने के लिए आरोपियों ने घर में लगे सीसीटीवी कैमरे तोड़ दिए और डीवीआर भी उखाड़कर साथ ले गए। दूसरी ओर, गांव नमोल के गांव वासियों ने पीड़ित के आरोपों को खारिज करते हुए दावा किया कि जग्गा सिंह खुद नशे का आदी है और नशा बेचने का काम करता है। गांव वासियों का कहना है कि सरपंच पर लगाए गए सभी आरोप निराधार हैं और गांव में नशा बंद करवाने का प्रयास करने वालों पर मामला दर्ज करना पूरी तरह अनुचित है।