ऊना: अटल बिहारी वाजपेयी राजकीय महाविद्यालय बंगाणा के राजनीति विज्ञान विभाग द्वारा विद्यार्थियों में विषयगत ज्ञान, तार्किक चिंतन, शोध प्रवृत्ति तथा अभिव्यक्ति कौशल विकसित करने के उद्देश्य से आयोजित सेमिनार के तीसरे दिन विद्यार्थियों ने समसामयिक घटनाक्रमों, भारतीय राजव्यवस्था तथा विभिन्न राजनीतिक एवं सामाजिक विषयों पर अपनी प्रस्तुतियाँ दीं।
कार्यक्रम की अध्यक्षता राजनीति विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष प्रोफेसर सिकंदर नेगी ने की। इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राणी विज्ञान विभाग की डॉ. श्रुति कुमारी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। सेमिनार के दौरान विद्यार्थियों ने अपने निर्धारित विषयों पर विचार प्रस्तुत करते हुए विभिन्न राजनीतिक अवधारणाओं, लोकतांत्रिक मूल्यों तथा भारतीय शासन व्यवस्था के महत्वपूर्ण पहलुओं पर प्रकाश डाला।
काजल ने समूह बीस (जी-20), वंशिका ठाकुर ने समानता, साक्षी ठाकुर ने लोकतंत्र में मीडिया की भूमिका, हर्षिल ने स्वतंत्रता, पूनम देवी ने भारतीय संसद में कानून निर्माण की प्रक्रिया तथा आरुषि ने लोकतंत्र में युवाओं की भूमिका विषय पर अपनी प्रस्तुतियाँ दीं।
विद्यार्थियों ने अपनी प्रस्तुतियों के माध्यम से संबंधित विषयों की अवधारणाओं, विशेषताओं तथा वर्तमान सामाजिक एवं राजनीतिक परिदृश्य में उनकी प्रासंगिकता को स्पष्ट किया। समूह बीस के संदर्भ में वैश्विक सहयोग और अंतरराष्ट्रीय आर्थिक मुद्दों पर चर्चा की गई। समानता और स्वतंत्रता जैसे विषयों के माध्यम से लोकतांत्रिक व्यवस्था में नागरिक अधिकारों तथा मूल्यों के महत्व को समझाया गया।
भारतीय संसद में कानून निर्माण की प्रक्रिया पर प्रस्तुति देते हुए पूनम देवी ने विधायी प्रक्रिया के विभिन्न चरणों पर प्रकाश डाला। वहीं, लोकतंत्र में मीडिया की भूमिका पर साक्षी ठाकुर ने जनमत निर्माण, सूचना के प्रसार तथा लोकतांत्रिक जवाबदेही में मीडिया के महत्व को रेखांकित किया।
आरुषि ने लोकतंत्र में युवाओं की भूमिका पर विचार प्रस्तुत करते हुए लोकतांत्रिक प्रक्रिया में युवाओं की भागीदारी और उनके योगदान को स्पष्ट किया। सेमिनार की विशेष बात यह रही कि प्रत्येक प्रस्तुति के बाद प्रश्नोत्तर सत्र आयोजित किया गया। इस दौरान विद्यार्थियों ने प्रस्तुत विषयों से संबंधित प्रश्न पूछे तथा उनके उत्तर देकर अपनी समझ और विषयगत ज्ञान का प्रदर्शन किया। इस संवादात्मक प्रक्रिया ने विद्यार्थियों को विषयों का गहराई से विश्लेषण करने, तार्किक ढंग से विचार व्यक्त करने तथा अकादमिक चर्चा में भाग लेने का अवसर प्रदान किया।
कार्यक्रम का मंच संचालन बी.ए. प्रथम वर्ष की छात्रा कशिश राणा ने किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्रोफेसर सिकंदर नेगी ने विद्यार्थियों को नियमित अध्ययन करने, विषयों की गहन समझ विकसित करने तथा समसामयिक राजनीतिक घटनाक्रमों से जुड़े रहने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की शैक्षणिक गतिविधियाँ विद्यार्थियों में आत्मविश्वास, तार्किक क्षमता, विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण और अभिव्यक्ति कौशल विकसित करने में सहायक होती हैं।
इस अवसर पर डॉ. श्रुति कुमारी की उपस्थिति ने कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई। राजनीति विज्ञान विभाग द्वारा आयोजित यह सेमिनार विद्यार्थियों में राजनीतिक जागरूकता, आलोचनात्मक चिंतन, संवाद कौशल तथा लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति समझ विकसित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल रही।