जैसलमेरः जिले के सोनू रेलवे स्टेशन पर स्टेशन मास्टर के ऑफिस की सीलिंग का प्लास्टर अचानक टूटकर गिरने का मामला सामने आया है। हादसे में ड्यूटी पर तैनात स्टेशन मास्टर मनीष कुमार सोमनानी गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद रेलवे प्रशासन में हड़कंप मच गया है। स्टेशन मास्टर को तुरंत रामगढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया जहां प्राथमिक इलाज के बाद जवाहिर हॉस्पिटल जैसलमेर लाया गया जहां उनका इलाज किया गया।
जानकारी मुताबिक, रेलवे के सोनू स्टेशन मास्टर मनीष कुमार सोमनानी अपने ऑफिस में रूटीन काम कर रहे थे। इसी दौरान छत का करीब एक इंच मोटा भारी-भरकम प्लास्टर अचानक उखड़कर नीचे आ गिरा। प्लास्टर सीधे मनीष के पैरों पर गिरा। गनीमत रही कि उस वक्त वे झुके नहीं थे, वरना प्लास्टर सीधे सिर पर गिरता तो जानलेवा साबित हो सकता था। मलबे की चोट इतनी गहरी थी कि उनके पैर से काफी खून बहने लगा। चीख-पुकार सुनकर कर्मचारी मौके पर पहुंचे और उन्हें संभाला। बाद में तुरंत अन्य अधिकारियों को सूचित किया गया और उन्हें अस्पताल पहुंचाया।
हैरानी की बात यह है कि सोनू स्टेशन का निर्माण साल 2020 में ही हुआ था। महज 6 साल के भीतर ही नई बिल्डिंग की छत का गिरना निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर बड़े सवाल खड़े कर रहा है। अपर मंडल रेल प्रबंधक (ADRM) करनी राम ने बताया कि सूचना मिलते ही अधिकारी मौके पर पहुंचे। घायल स्टेशन मास्टर मनीष कुमार सोमनानी को तत्काल प्राथमिक इलाज उपलब्ध कराया गया। फिलहाल वे सुरक्षित हैं और उनकी स्थिति पर नजर रखी जा रही है।उन्होंने बताया कि रेलवे ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए घटना के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए जांच टीम गठित की गई है। इंजीनियरिंग विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि सोनू स्टेशन के अन्य भवनों की भी जांच कर उनका निरिक्षण करें।
