जालंधर, ENS: पंजाब में आगामी 25 जून से विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है, जिसके तहत राज्य के 2 करोड़ 14 लाख से अधिक मतदाताओं की जांच की जाएगी। वहीं कल से शुरू होने वाले SIR (Special Intensive Revision) अभियान के संबंध में डीसी वरजीत सिंह वालिया ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जिले के सभी बूथ लेवल अधिकारी (BLO) घर-घर जाकर लोगों की वोटर लिस्ट से जुड़ी जानकारी की जांच करेंगे।
डीसी ने बताया कि अगर कोई व्यक्ति पहली बार घर पर नहीं मिलता है तो BLO तीन बार तक उसके घर पहुंचेंगे। उन्होंने कहा कि दस्तावेज जमा करवाने की जरूरत पड़ने पर भी किसी की वोट तुरंत नहीं काटी जाएगी। लोगों को अपनी कमियां पूरी करने का पूरा मौका दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि कुछ लोगों को नोटिस भी जारी किए जाएंगे। नोटिस उन लोगों को आएगा जिनकी किसी कारणवश मैपिंग नहीं हुई है या पुराने वोटर कार्ड और रिकॉर्ड से जुड़ी जानकारी में कमी पाई गई है।
जिन लोगों की मैपिंग हो चुकी है और जिनकी मैपिंग नहीं हुई है, उनके लिए दस्तावेजों की प्रक्रिया अलग-अलग होगी। SIR के दौरान जरूरत पड़ने पर मतदाताओं से आधार कार्ड, जन्म प्रमाण पत्र, राज्य सरकार द्वारा जारी रिहायशी प्रमाण पत्र, रेंटल हाउस सर्टिफिकेट, पासपोर्ट सहित कुल 13 दस्तावेजों में से कोई भी दस्तावेज मांगा जा सकता है। डीसी ने बताया कि सभी मौजूदा मतदाताओं को SIR फॉर्म दिया जाएगा। यह फॉर्म भरना जरूरी होगा। मतदाता खुद या घर का कोई भी वयस्क सदस्य फॉर्म भरकर जमा कर सकता है। जिन मतदाताओं की जानकारी और दस्तावेज सही पाए जाएंगे, उनका नाम वोटर सूची में बरकरार रहेगा।
