नई दिल्लीः प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा देशवासियों से ईंधन बचत की अपील किए जाने के बाद, दिल्ली सरकार ने प्रदूषण कम करने और पेट्रोल-डीजल की खपत घटाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है। दरअसल, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने हाई लेवल बैठक बुलाई। प्रधानमंत्री की अपील को लेकर सीएम रेखा गुप्ता ने सरकार के सभी मंत्री और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक की। सीएम रेखा गुप्ता ने बैठक में फैसला लिया है कि दिल्ली के सभी सरकारी दफ्तरों में दो दिन वर्क फ्रॉर्म होम रहेगा। प्राइवेट कंपनियों को भी हफ्ते में दो दिन वर्क फॉर्म होम के लिए कहा जाएगा। इसके साथ ही सरकारी दफतरों के समय में भी बदलाव होगा। हर सोमवार को अधिकारी और कर्मचारी जितना संभव होगा, मेट्रो का उपयोग करेंगे। कार्यालय का समय बदल गया है।
दिल्ली सरकार के कार्यालय का समय अब 10:30 से शाम सात बजे तक रहेगा। दिल्ली नगर निगम के सभी कार्यालय सुबह 8:30 बजे से शाम साढ़े 5:00 बजे तक काम करेंगे। दिल्ली की सीएम रेखा गुप्ता ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सलाह मानते हुए अपने काफिले में 60 प्रतिशत की कटौती की है। सीएम के काफिले में अब सिर्फ चार गाड़ियां हैं, जिनमें से 2 ईवी हैं। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि सभी मंत्रियों के वाहनों में कटौती की गई है। जहां पर संभव होगा हम लोग सार्वजनिक वाहन का भी उपयोग करेंगे। जिनका 200 लीटर पेट्रोल की लिमिट थी, उनके लिए 160 लीटर होगी। जिन्हें ढाई सो लीटर पेट्रोल मिलता था, उन्हें अब 200 लीटर दिया जाएगा। दिल्ली सरकार अपनी फिजिकल बैठकों में कटौती करेगी और 50% बैठकें ऑनलाइन करेंगी। दिल्ली सरकार के मंत्री, अधिकारी और कर्मचारी अगले एक साल तक विदेशी टूर नहीं करेंगे।
दिल्ली की जनता से अपील की कि सभी लोग सप्ताह में एक दिन बगैर अपने वाहन के चलें। दिल्ली सरकार अगले 6 माह तक कोई भी वाहन नहीं खरीदेगी। इस फैसले का मुख्य उद्देश्य सड़कों पर गाड़ियों की संख्या कम करना है, जिससे न केवल ईंधन की बचत होगी, बल्कि राजधानी के वायु प्रदूषण स्तर में भी गिरावट आने की उम्मीद है। सरकार केवल सरकारी स्तर पर ही नहीं, बल्कि निजी क्षेत्र को भी इस मुहिम में शामिल करना चाहती है। सीएम रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली सरकार जल्द ही निजी कंपनियों और कॉर्पोरेट जगत से भी अपील करेगी कि वे अपने कर्मचारियों को सप्ताह में कम से कम दो दिन घर से काम करने की सुविधा दें।
ईंधन संरक्षण के इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए मुख्यमंत्री ने ‘मेरा भारत मेरा योगदान’ नामक एक विशेष स्कीम भी लॉन्च की है। सीएम ने स्पष्ट किया कि सरकार पेट्रोल और डीजल बचाने के लिए सरकारी और निजी, दोनों स्तरों पर सक्रिय रूप से काम कर रही है। उन्होंने कहा कि यह योजना देश के संसाधनों को बचाने की दिशा में दिल्ली का एक बड़ा योगदान साबित होगी। राजधानी में लागू होने वाला यह नया मॉडल अगर सफल रहता है, तो आने वाले समय में अन्य राज्यों के लिए भी एक मिसाल बन सकता है।

