प्रतापगढ़ः उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ में गैस रिसाव के बाद हुए ब्लास्ट में प्रधान प्रतिनिधि की आंगनवाड़ी कार्यकार्ता पत्नी की मौत हो गई, जबकि तीन लोग झुलस गए। प्रधान के घर नौ दिवसीय भागवत कथा चल रही है। दोपहर 3 बजे कथा शुरू हुई थी। पूजा के दौरान प्रसाद बनाने के लिए दो मंजिला मकान के निचले तल पर कमर्शियल गैस सिलेंडर से चूल्हा लगाया गया था। इसी दौरान चूल्हे की पाइप निकलने से गैस का रिसाव होने लगा। गैस चार कमरों में भर गई। इसके बाद अचानक आग लगने से तेज धमाका हुआ। धमाका इतना तेज था कि मकान के दरवाजे और खिड़कियां टूट गईं।
धमाके के दबाव से सामने का लोहे का दरवाजा टूटकर दरवाजे के पास बैठीं गिरिजा देवी पर गिर गया। उनकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के समय वह भागवत कथा सुन रही थीं। हादसे में तीन लोग झुलस गए। उन्हें सीएचसी ले जाया गया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें प्रयागराज रेफर कर दिया गया। मामला जिला मुख्यालय से करीब 35 किलोमीटर दूर बाघराय थाना क्षेत्र का है।
हादसे में सुकुलपुर पचैंया निवासी वीरेंद्र शुक्ला (40), पुत्र रामगोपाल, तिवारी महमदपुर निवासी नवल मिश्रा (40), पुत्र रूपनारायण और सुकुलपुर खास निवासी आशु सरोज (19), पुत्र राधेश्याम सरोज झुलस गए। तीनों को तत्काल बाघराय सीएचसी पहुंचाया गया। पुलिस के अनुसार, घायलों की स्थिति खतरे से बाहर है। सूचना पर सीओ सदर मनोज रघुवंशी, बाघराय थानाध्यक्ष श्रवण कुमार और कमासिन चौकी प्रभारी देवीदयाल वर्मा पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। CO सदर मनोज कुमार सिंह ने बताया- पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी है। मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
