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बंगाणा की सुगड़ियाल पंचायत चुनावों में बुजुर्गों का उत्साह बना प्रेरणा

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ऊना /सुशील पंडित : कुटलैहड़ क्षेत्र की पंचायत सुगड़ियाल के चराडा बूथ पर पंचायत चुनावों के दौरान लोकतंत्र के प्रति अद्भुत उत्साह देखने को मिला। राष्ट्रीय ह्यूमन राइट युवा विंग के प्रदेश चेयरमैन, राज्य भाजयुमो कार्यकारिणी सदस्य अजय ठाकुर ने पंचायत सुगड़ियाल के चराडा बूथ पर पहुंचकर 103 वर्षीय ब्राह्मी देवी पत्नी स्वर्गीय रसील सिंह तथा 95 वर्षीय जोगिंदर सिंह के साथ मतदान किया। इस दौरान बुजुर्ग मतदाताओं के जोश और लोकतंत्र के प्रति उनकी निष्ठा को देखकर वहां मौजूद लोग भी भावुक हो उठे।

अजय ठाकुर ने कहा कि पंचायत चुनावों में इस बार बड़े बुजुर्गों की भागीदारी युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बन रही है। उन्होंने कहा कि जिस उम्र में लोग घर से बाहर निकलने में कठिनाई महसूस करते हैं, उस उम्र में भी हमारे बुजुर्ग लोकतंत्र के इस महापर्व में भाग लेकर समाज को जागरूक करने का कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि ब्राह्मी देवी और जोगिंदर सिंह जैसे वरिष्ठ नागरिक यह संदेश दे रहे हैं कि मतदान केवल अधिकार ही नहीं बल्कि एक महत्वपूर्ण जिम्मेदारी भी है। उन्होंने कहा कि पंचायत चुनाव गांवों के विकास की नींव होते हैं और हर मतदाता का वोट गांव की दिशा और दशा तय करता है। ऐसे में बुजुर्गों का मतदान केंद्र तक पहुंचकर मतदान करना समाज के लिए एक सकारात्मक उदाहरण है।

लोगों ने कहा कि 103 वर्ष की आयु में ब्राह्मी देवी का मतदान केंद्र तक पहुंचना लोकतंत्र के प्रति उनकी जागरूकता और जिम्मेदारी को दर्शाता है। वहीं 95 वर्षीय जोगिंदर सिंह ने भी मतदान कर युवाओं को लोकतंत्र के प्रति सजग रहने का संदेश दिया। अजय ठाकुर ने कहा कि पंचायत चुनावों में ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों का उत्साह लगातार बढ़ रहा है और महिलाएं, युवा तथा बुजुर्ग सभी बढ़चढ़ कर मतदान में हिस्सा ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र तभी मजबूत होगा जब समाज का हर वर्ग अपने मताधिकार का उपयोग करेगा। उन्होंने सभी मतदाताओं से अपील करते हुए कहा कि बिना किसी भय या लालच के निष्पक्ष होकर मतदान करें और गांव के विकास के लिए योग्य प्रतिनिधियों का चयन करें।

उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश की जनता हमेशा लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत करने में अग्रणी रही है और पंचायत चुनावों में भी लोगों की भागीदारी यह साबित कर रही है कि ग्रामीण क्षेत्र लोकतंत्र की असली ताकत हैं। चराडा बूथ पर बुजुर्गों का उत्साह पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है और लोग इसे लोकतंत्र के प्रति जागरूकता की मिसाल बता रहे हैं।
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