आगराः यूपी के आगरा में पति को बाथरूम में दफनाने वाली पत्नी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। जेल जाते वक्त रूबी घूंघट में मुंह छिपाती रही। पुलिस पूछताछ में रूबी ने बताया कि पति सुरेंद्र शराब पीकर उसे मारता-पीटता था। वह 16 साल से परेशान थी। इसलिए उसने पति के खाने में नींद की गोलियां पीसकर मिला दीं। रात करीब 3 बजे उठी तो देखा कि उनकी सांसें नहीं चल रही थी।
उसने बताया कि सुबह उसने सास और बच्चों को जेठ के साथ राजस्थान भेज दिया। बाथरूम में गड्ढा खोदा। शव घसीटकर ले गई और गाड़ दिया। 400 रुपए में मिट्टी मंगाई। मिट्टी से जगह बराबर की। अगले दिन मजदूर बुलाकर वहां सीमेंट का फर्श बनवा दिया था।
पुलिस शुक्रवार को सुरेंद्र के भाई की सूचना पर उसके घर पहुंची, वहां पुलिस को रूबी का व्यवहार संदिग्ध लगा। सुरेंद्र इसके बाद पुलिस ने घर की जांच कराई, तो बाथरूम की फर्श पर संदेह हुआ। इसके बाद बाथरूम की खुदाई कराई गई, जहां से सुरेंद्र का कंकाल मिला।
पत्नी ने बताया कि पति की हत्या से 2 दिन पहले 16 मई को सुरेंद्र भरतपुर में अपनी रिश्तेदारी में गया था। वहां पर भी मेरा उससे झगड़ा हो गया था। मेरे रिश्तेदारों ने पुलिस केस करने की बात कही थी। इसके बाद सुरेंद्र ने रिश्तेदारों को समझाने के लिए 17 मई को मुझे फिर से भरतपुर भेजा।
लेकिन, वहां पर मेरे साथ भी बुरा व्यवहार हुआ। पति और बच्चों के साथ मुझे भी जेल भेजने की धमकी दी गई। इससे मैं आहत थी। मेरे मन में पति के व्यवहार को लेकर बहुत गुस्सा था।
रूबी ने बताया- मेरा पति और सास नींद की गोलियां खाती थीं। मैंने पति के खाने में नींद की गोलियां पीसकर मिला दी। खाना खाकर पति और बच्चे सब एक कमरे में सो गए। रात करीब 3 बजे मैं उठी। मैंने देखा कि पति की सांसें थम चुकी हैं।
मैंने रात में बच्चों को उठाकर दूसरे कमरे में सुला दिया। पति की लाश को उसी कमरे में छोड़ दिया और बाहर से दरवाजा बंद कर दिया। अक्सर पति सुबह देर से उठता था। ऐसे में मैंने बच्चे और सास को सुबह ही अपने जेठ को फोन कर उनके साथ भेज दिया था।
सुबह जब सब लोग घर से चले गए तो घर का दरवाजा बंद किया। इसके बाद बाथरूम में जाकर करीब डे़ढ फीट गड्ढा खोदा। फिर पति की लाश का हाथ पकड़कर घसीटते उसे बाथरूम में ले गई। वहां लाश को गड्ढे में डाल दिया।


