अमृतसर : क्राइम की वारदातों पर नकेल कसते हुए पुलिस ने 7 आधुनिक पिस्तौल सहित 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों की पहचान समरबीर सिंह उर्फ सिमर (21) निवासी महिंदरा कॉलोनी, अमृतसर; सतनाम सिंह उर्फ सत्ता (23) निवासी गांव फतेहपुर, तरण तारन, जो वर्तमान में अमृतसर केृष्णा नगर में रह रहा था, तुनूप्रीत सिंह (26) निवासी प्रताप नगर, अमृतसर और करणजोत सिंह उर्फ साजन (26) निवासी कृृष्णा नगर अमृतसर के रूप में हुई है। मामले की जानकारी पंजाब डीजीपी गौरव यादव ने दी है।

बरामद किए गए हथियारों में ऑस्ट्रिया के बने दो 9 मिमी ग्लॉक, चीन के बनाए चार .30 बोर और एक .30 बोर पिस्तौल शामिल हैं। डीजीपी गौरव यादव ने कहा कि शुरुआती जानकारी के अनुसार गिरफ्तार किए गए आरोपी सोशल मीडिया प्लेटफार्मों के जरिए पाकिस्तान स्थित तस्करों के संपर्क में थे। उन्होंने बताया कि गैर-कानूनी हथियारों की खेप सीमा पार ड्रोन के जरिए भेजी गई थी, जो स्थानीय कारकों के माध्यम से आगे अपराधी तत्वों में बांटी गई थीं। डीजीपी ने कहा कि आरोपी के अन्य साथियों का पता लगाने के लिए नेटवर्क के आगे-पीछे संबंधों की जांच की जा रही है। पुलिस कमिश्नर गुरप्रीत सिंह भुल्लर ने कहा कि गुप्त जानकारी के आधार पर एक योजनाबद्ध कार्रवाई में आरोपी समरबीर उर्फ सिमर को 2 ग्लॉक पिस्तौल सहित गिरफ्तार किया गया था।
आरोपी से पूछताछ के बाद आगे की कार्रवाई में उसके तीन अन्य साथी – सतनाम उर्फ सत्ता, तुनूप्रीत सिंह और करणजोत उर्फ साजन को गिरफ्तार कर लिया गया, जिन्होंने के बयान के आधार पर पांच और पिस्तौल बरामद की हैं। पुलिस कमिश्नर ने कहा कि दोषी सतनाम उर्फ सत्ता पहले ही व्यावसायिक मात्रा में हेरोइन की बरामदगी के मामले में भी शामिल रहा है, जिसमें उसके कब्जे से 8 किलो हेरोइन बरामद की गई थी। उन्होंने आगे कहा कि सतनाम सत्ता और करणजोत उर्फ साजन एक ही पड़ोसी इलाके में रहते हैं, जो पाकिस्तान-आधारित हैंडलर के निर्देशों पर मिलकर काम कर रहे थे। उन्होंने यह भी बताया कि जांच से यह भी पता चला है कि गिरफ्तार किए गए सभी आरोपी पढ़े-लिखे हैं और पहले एक निजी फर्म में सेल्समैन के रूप में काम करते रहे हैं। उन्होंने कहा कि सभी आरोपी आसपास के इलाकों में रहते हैं और एक-दूसरे को अच्छी तरह जानते हैं।
