चंडीगढ़ः नीट परीक्षा घोटाले को लेकर लगातार केंद्र सरकार और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के खिलाफ प्रदर्शन कर रही कांग्रेस की छात्र इकाई एनएसयूआई ने गुरुवार को सेक्टर-18 स्थित टैगोर थिएटर के बाहर विरोध प्रदर्शन किया। उस समय केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान एक कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे थे। यह कार्यक्रम 25 जून 1975 को कांग्रेस सरकार द्वारा लगाए गए आपातकाल के विरोध में आयोजित किया गया था। आज ही के दिन वर्ष 1975 में देश में आपातकाल लागू किया गया था। भाजपा की ओर से देश के अलग-अलग हिस्सों में इस संबंध में कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने नीट घोटाले को लेकर केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग की। कांग्रेस कार्यकर्ताओं की ओर से “शिक्षा मंत्री इस्तीफा दो” के नारे लगाए जा रहे थे। पुलिस ने जब उन्हें रोकने की कोशिश की तो वे नहीं माने। प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए कार्रवाई की और कई प्रदर्शनकारी छात्रों को हिरासत में लेकर थाने ले गई।
एनएसयूआई नेताओं का आरोप है कि नीट परीक्षा में हुई कथित अनियमितताओं से लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ है और इस मामले में जवाबदेही तय होनी चाहिए। वहीं पुलिस ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रदर्शनकारियों को मौके से हटाया। देशभर में एनएसयूआई और कांग्रेस द्वारा नीट-यूजी 2026 विवाद को लेकर लगातार विरोध प्रदर्शन किए जा रहे हैं।

