नई दिल्ली…दुनिया की सबसे बड़ी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) कंपनी OpenAI एक बहुत बड़ी कानूनी मुसीबत में घिर गई है. अमेरिका के 8 राज्यों ने AI दिग्गज कंपनी OpenAI के खिलाफ कोर्ट में मुकदमे दर्ज कराए हैं. इन मुकदमों में आरोप लगाया गया है कि कंपनी का बेहद फेमस चैटबॉट मॉडल ChatGPT बच्चों को नुकसान पहुंचाकर और वयस्कों को गुमराह करके कंज्यूमर प्रोटेक्शन कानून का खुलेआम उल्लंघन कर रहा है.
मुकदमों में शामिल एक राज्य की याचिका के अनुसार, ChatGPT यूजर्स को बेहद खतरनाक मेडिकल सलाह दे रहा है, उनके भीतर मानसिक भ्रम को बढ़ावा दे रहा है. साथ ही लोगों को दूसरों को नुकसान पहुंचाने या खुदकुशी करने के तरीके सिखा रहा है. इसके साथ ही, याचिका में ये भी कहा गया है कि ये चैटबॉट खुद को बेहद मिलनसार और दयालु दिखाने का नाटक करता है, जबकि वास्तव में ये समाज के कमजोर और संवेदनशील लोगों को अपना शिकार बना रहा है। अमेरिका के कई राज्यों में मुकदमा दर्ज इस कानूनी कार्रवाई के तहत अमेरिका के कई राज्यों ने अपनी अदालतों में OpenAI के खिलाफ अलग-अलग मामले दर्ज कराए हैं.
इनमें एरिजोना, अर्कांसस, इडाहो, कंसास, मोंटाना, नेब्रास्का और वेस्ट वर्जीनिया शामिल हैं. एरिजोना राज्य ने अपने मुकदमे में खासतौर से रेखांकित किया है कि ChatGPT टीन को अपनी पर्सनल और सेंसेटिव जानकारियां शेयर करने के लिए उकसाता है। मेटा के समझौते के बाद उठाया गया कदम इस तरह के यूनाइटेड और मल्टी-स्टेट मुकदमों का इतिहास टेक्नोलॉजी कंपनियों को सुधारने में काफी मददगार साबित हुआ है. इससे पहले अगस्त में, फेसबुक और इंस्टाग्राम की पैरेंट कंपनी Meta ने किशोरों में सोशल मीडिया की लत को लेकर चल रहे एक मुकदमे को समाप्त करने के लिए 18 बिलियन डॉलर के ऐतिहासिक समझौते पर हस्ताक्षर किए थे. इस समझौते के तहत मेटा ने बच्चों की सुरक्षा के लिए कई मजबूत कदम उठाने पर अपनी सहमति जताई थी.
