नई दिल्ली: होर्मुज में अमेरिकी ब्लॉकेड के बीच राष्ट्रपत ट्रंप के तेवर ईरान को लेकर थोड़े नरम हो गए हैं। पाकिस्तान के दोबारा ईरान के साथ बैठक होने की खबरों के बीच अब ये रिपोर्ट सामने आई है कि वाशिंगटन और तेहरान के बीच में दो हफ्ते और सीजफायर बढ़ सकता है। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज और परमाणु हथियारों के मामले पर दोनों ही देशों के बीच तकरार बढ़ गई थी लेकिन इस ताजा घटनाक्रम से तनाव कम होने की उम्मीद की जा रही है।
बढ़ सकता है सीजफायर
रिपोर्ट्स के अनुसार, अमेरिका और ईरान के बीच में सीजफायर को बढ़ाने के मामले पर अहम अपडेट मिला है। मध्यस्थों की कोशिशों में प्रगति भी हुई है क्योंकि उम्मीद है कि दोनों विरोधी पक्ष जल्द ही बातचीत कर सकते हैं। अमेरिका ईरान से सीजफायर बढ़ाने के मामले पर सहमति भी जता दी है। यदि दोबारा दोनों देशों के बीच बात हुई तो तीन मुद्दे शामिल होंगे। इसमें पहला मुद्दा परमाणु कार्यक्रम का है। वहीं दूसरा पॉइंट स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से जुड़ा है। तीसरा मुद्दा मुआवजे को लेकर है।
सीजफायर को लेकर ट्रंप ने दिया था हिंट
अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप ने मंगलवार को कहा था कि ईरान के साथ युद्ध खत्म होने के करीब हैं। उन्होंने यह भी दावा किया है कि यदि वे अभी पीछे हट जाएं तो ईरान को दोबारा खड़े होने में 20 साल लग जाएंगे। ट्रंप का यह रिएक्शन उस बयान के कुछ घंटों के बाद आया। इसमें यूएस सेंट्रल कमांड ने कहा था कि नाकेबंदी के पहले 24 घंटों में ईरान के बंदरगाहों और तटीय इलाकों से आने-जाने वाले सभी यातायात को सफलतापूर्वक रोक दिया गया है।
ट्रंप ने ईरान के मसले पर हाल ही में चीन से बात की है। उन्होंने कहा कि – मैंने शी जिनपिंग को पत्र लिख कर अनुरोध किया था। ईरान को हथियार न दे। उन्होंने भी मुझे चिट्ठी लिखकर कहा कि वो ऐसा नहीं कर रहे हैं। यदि उनके पास परमाणु हथियार हैं तो हमें कुछ समय तक उनके साथ रहना पड़ेगा लेकिन मुझे नहीं पता कि कब तक टिक पाएंगे।
