चंडीगढ़, 27 फरवरी 2026: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि एक्साइज नीति मामले में अदालत द्वारा आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल, वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया और अन्य के खिलाफ आरोप समाप्त किए जाने का फैसला पार्टी के उस रुख को मजबूती देता है, जिसमें केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग का आरोप लगाया जाता रहा है।
एक वीडियो संदेश जारी करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि अदालत का फैसला देश की राजनीति में एक महत्वपूर्ण दिन के रूप में देखा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि यह मामला राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों को निशाना बनाने की कोशिश था।
“अदालत का आदेश सच्चाई की जीत”
भगवंत सिंह मान ने कहा कि अदालत का आदेश यह दर्शाता है कि लंबी कानूनी प्रक्रिया के बाद न्याय सामने आता है। उन्होंने उन लोगों का भी धन्यवाद किया, जिन्होंने पार्टी नेतृत्व के समर्थन में प्रार्थनाएं कीं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस फैसले से केंद्रीय एजेंसियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठे हैं और यह राजनीतिक बहस का विषय बन सकता है।
मुख्यमंत्री ने अपने बयान में दिल्ली की राजनीतिक परिस्थितियों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि चुनावी राजनीति के दौरान पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं को कानूनी मामलों का सामना करना पड़ा था।
उन्होंने दावा किया कि अदालत का फैसला पार्टी नेतृत्व की ईमानदारी को दर्शाता है।
भगवंत सिंह मान ने अपने संदेश में पारंपरिक राजनीतिक दलों की कार्यशैली पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी ने राजनीति में आम नागरिक के कल्याण का मुद्दा केंद्र में रखा है, जिससे अन्य दल असहज हैं।
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाने वालों को कानूनी मामलों में उलझाने की कोशिश की जाती है।
केंद्र सरकार को चुनौती
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री और केंद्रीय गृह मंत्री का नाम लिए बिना कहा कि सत्ता में बने रहने के लिए जन समर्थन आवश्यक है और विकास कार्यों पर ध्यान देना चाहिए।
उन्होंने शिक्षा, स्वास्थ्य, बिजली और रोजगार जैसे मुद्दों को प्राथमिकता देने की आवश्यकता पर बल दिया।
मुख्यमंत्री ने समाज में सभी धर्मों के शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व को देश की प्रगति के लिए आवश्यक बताया। उन्होंने कहा कि विविधता ही भारत की ताकत है।
भगवंत सिंह मान ने कहा कि अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व में दिल्ली में शिक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी सेवाओं के क्षेत्र में सुधार किए गए। उन्होंने दावा किया कि बजट का उपयोग जनकल्याण योजनाओं में किया गया।
मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में कहा कि देश को आगे बढ़ाने के लिए पारदर्शी शासन और जनहितकारी नीतियां आवश्यक हैं।