जालौनः 100 की रफ्तार में हाईवे पर कार पीछे से ट्रक में घुस गई जिससे 6 लोगों की मौत हो गई, जबकि 4 गंभीर रूप से घायल हैं। बताया जा रहा है कि कार सवार अयोध्या से रामलला के दर्शन कर ललितपुर जा रहे थे। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हादसा इतना भयानक था कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और लोग उसमें बुरी तरह फंस गए। इस दौरान करीब 30 मिनट तक घायल कार में ही तड़पते रहे और उन्हें बचाने की भीख मांगते रहे। वहीं सूचना पर पहुंची पुलिस ने गैस कटर से कार के गेट को काटकर घायलों को बाहर निकाला। पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि ड्राइवर को झपकी आने के कारण हादसा हुआ है। श्रद्धालुओं ने सीट बेल्ट नहीं लगाई थी, जिस वजह से एयरबैग भी नहीं खुले। इसी कारण हादसे में 6 लोगों की जान चली गई।

जानकारी मुताबिक, ललितपुर के महरौनी के रहने वाले शशिकांत तिवारी (49) अपने परिजनों और रिश्तेदारों के साथ अयोध्या दर्शन के लिए गए थे। कार में 10 लोग सवार थे। सोमवार तड़के दर्शन के बाद वह कार से लौट रहे थे। सुबह 6 बजे जैसे ही उनकी कार कालपी क्षेत्र के जोल्हूपुर मोड़ के पास पहुंची, ड्राइवर को झपकी आ गई, जिससे टवेरा अनियंत्रित होकर सामने चल रहे ट्रक से टकरा गया। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोग दौड़कर पहुंचे। देखा तो कार में लोग बुरी तरह फंसे हुए थे। उन्हें निकालने की कोशिश की गई, लेकिन सफल नहीं हो सके। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने गैस कटर मंगवाया। इसके बाद कार के दरवाजे काटे गए और सभी को बाहर निकाला गया। तब तक 4 लोगों की मौत हो चुकी थी। पुलिस ने 6 लोगों को बाहर निकाला और एम्बुलेंस से घायलों को मेडिकल कॉलेज भिजवाया। लेकिन वहां वार्ड बॉय मौजूद नहीं था। मरीज करीब 10 मिनट तक एम्बुलेंस में ही तड़पते रहे। इसके बाद वहां मौजूद लोगों ने किसी तरह घायलों को बाहर निकाला और इमरजेंसी वार्ड में पहुंचाया। यहां दो और लोगों की मौत हो गई। बाकी 4 को प्राथमिक इलाज के बाद हायर सेंटर कानपुर रेफर कर दिया गया।
हादसे में मरने वालों की पहचान शशिकांत त्रिपाठी, कृष्णकांत नायक, दीपक तिवारी, स्वामी प्रसाद तिवारी, मनोज भोंडले और देशराज नामदेव के रूप में हुई है। घायलों में हरिमोहन, अंशुल, शिवानंद और भूषण तिवारी शामिल हैं। वहीं पुलिस ने मामले में आगामी कार्रवाई शुरू कर दी है।
