नई दिल्ली: पाकिस्तान का लाहौर दुनिया का सबसे प्रदूषित शहर बन चुका है। लाहौर का एक्यूआई 410 तक पहुंच चुका है। यह एक्यूआई खतरनाक श्रेणी में आता है। सोशल मीडिया पर जानकारी देते हुए विश्व स्वास्थ्य संगठन ने बताया कि 2.5 लेवल अधिक प्रदूषित होता है। IQAir कैटेगरी के अनुसार, 300 से ऊपर की रीडिंग खतरनाक कैटेगरी में आती है। इससे सार्वजनिक स्वास्थ्य पर होने वाले संभावित प्रभावों को लेकर चिंता बढ़ जाएगी।
बेहद चिंताजनक है PM 2.5 का प्रदूषण
PM 2.5 प्रदूषण स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतें पैदा करते हैं। इसमें बहुत ही बारीक कण होते हैं। इनका व्यास 2.5 माइक्रोमीटर या फिर इससे कम होता है। छोटे आकार के चलते ये कण फेफड़ों में गहराई में चले जाते हैं। रक्त प्रवाह में प्रवेश कर सकते हैं। लंबे समय तक इसके संपर्क के रहने के कारण गंभीर स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं हो सकती है।
एडवाइजरी हुई जारी
गंभीर स्मॉग के चलते IQAir ने कुछ सावधानियां बरतने की सलाह दी है। उन्होंने यह सुझाव दिया है कि बाहर की शारीरिक गतिविधियां सीमित रखें। गंदी हवा को रोकने के लिए खिड़कियां बंद रखें। बाहर जाने से पहले मास्क लगाएं। घर के अंदर एयर प्यूरीफायर लगाएं। इस बार स्मॉग ने लाहौर की चिंता बढ़ा दी है। सरकार की मानें तो लाहौर और पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के बाकी हिस्सों में हर साल अक्टूबर से फरवरी तक स्मॉग की खूब समस्या देखने को मिलती है। बढ़ता हुआ वायु प्रदूषण भी इस प्रांत में जन स्वास्थ्य और पर्यावरण के लिए बड़ी चिंता का विषय बनेगा।
दिल्ली में भी बुरे हुए हालात
भारत की राजधानी नई दिल्ली भी दुनिया के सबसे प्रदूषित शहरों में से दूसरे स्थान पर रही है। यहां पर एक्यूआई 244 दर्ज हुआ है। इसको Very Unhealthy कैटेगरी में रखा जाता है। सेनेगल की राजधानी कार में एक्यूआई 184 दर्ज हुआ है। भारत के शहरों की यदि बात करें तो मुंबई और कोलकाता में 179 और 172 एक्यूआई दर्ज हुआ है। इसको Unhealthy कैटेगरी में रखा जाता है।