अमृतसर: अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार सिंह साहिब ज्ञानी कुलदीप सिंह गड़गज द्वारा बेअदबी घटनाओं और बंदी सिंहों के मुद्दों पर आज बुलाई गई बैठक के लिए बड़ी संख्या में सिख विदवान, सिख संस्थानों के प्रतिनिधि और धार्मिक नेता पहुंचने शुरु हो गए हैं। भाई गुरदास जी हॉल में होने वाली यह मीटिंग अभी शुरु नहीं हुई है। मीटिंग से पहले पहुंचे नेताओं ने मीडिया से बातचीत करते हुए अपने विचार शेयर किए हैं। एसजीपीसी सदस्य अमरजीत सिंह चावला ने कहा कि गुरु ग्रंथ साहिब महाराज सिख कौम के लिए सर्वोच्च स्थान रखते हैं।
उनके सत्कार के लिए बनाए जाने वाले किसी भी कानून को पंथ की सलाह से बनाना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस मामले पर पहले भी बड़ी एकत्रताएं हो चुकी है। अब नए बिल की धाराओं पर विचार करना जरुरी है। सचखंड श्री दरबार साहिब के ग्रन्थी सिंह साहिब परविंदर पाल सिंह ने कहा कि आज की मीटिंग में कानूनी विशेषज्ञों और बुद्धिजीवियों के साथ विचार-विमर्श किया जाएगा।
सिख कौम गुरु ग्रंथ साहिब जी के सत्कार के लिए कड़े कानून की हिमायत करती है पर इसके सभी पहलुओं को समझना भी जरुरी है। नेताओं ने यह भी कहा कि बंदी सिंहों की रिहाई का मसला लंबे समय से लटका हुआ है और भाई बलवंत सिंह राजोआणा समेत अन्य मामलों पर भी सरकार को जल्दी फैसला करना चाहिए। मीटिंग शुरू होने के बाद इन सभी मसलों पर विस्तार से विचार होने की संभावना है।
