जालंधर, ENS: पंजाब में 2027 की विधानसभा चुनावों को लेकर माहौल गर्म हो गया है। भाजपा ने अपनी संगठनात्मक संरचना को और मजबूत करने की तैयारियां शुरू कर दी हैं। ऐसे में भाजपा ने पंजाब के नए प्रदेश अध्यक्ष की नियुक्ति करते हुए केवल सिंह ढिल्लों को नया अध्यक्ष नियुक्त किया है। वहीं केवल ढिल्लों के नए प्रदेश अध्यक्ष बनने पर पूर्व मंत्री मनोरजंन कालिया का बयान सामने आया है। कालिया ने नए अध्यक्ष बनने पर केवल ढिल्लों को बधाई दी। इस दौरान उन्होंने कहा कि उन्हें पूरी उम्मीद है कि 2027 के चुनावों भाजपा पार्टी पंजाब में सरकार बनाएंगी। जिस तरह पश्चिम बंगाल में भाजपा ने अपनी सरकार बनाई है, उसी तरह से पूर्ण बहुमत हासिल करके पंजाब मेंं भी सरकार बनाएगी।
सुनील जाखड़ को हटाने पर कहा कि सुनील जाखड़ के नेतृत्व में पार्टी आगे बढ़ी है और अब केवल ढिल्लों अब पार्टी को आगे ले जाएंगे। कालिया ने कहा कि यह पहली बार नहीं है कि भाजपा सिख चेहरे को आगे लेकर आई है, इससे पहले भी कई बार सिख चेहरों को आगे ला चुकी है। कालिया ने कहाकि बरजिंदर सिंह ढिल्लों भाजपा के राष्ट्रिय उपध्याक्ष रह चुके है। वहीं प्रदेश की जिम्मेदारी जब उनके पास थी तो 1997 में सरदार सोढी को सौंपी गई थी। इससे पंजाब में जहां भाजपा को मजबूत मिलेंगी, वहीं मालवे में भी अधिक मजबूती पार्टी को मिलेगी। 2027 के चुनावों को लेकर कहा कि इसमें अहम भूमिका जहां देश के प्रधानमंत्री की रहेंगी, वहीं ढिल्लों के नेतृत्व में पार्टी आगे की ओर बढ़ेंगी। यह सब मिलकर झुलकर चलता है।
बता दें कि राष्ट्रीय महासचिव अरुण सिंह की ओर से जारी पत्र में कहा गया हैकि भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतिन नवीन के आदेशों पर पंजाब, हरियाणा और दिल्ली के नए अध्यक्षों की नियुक्तियां की गई है। जिसमें पंजाब में केवल सिंह ढिल्लों को नया अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। वहीं हरियाणा में डॉक्टर अर्चना गुप्ता को नया अध्यक्ष नियुक्त किया गया। इसी तरह दिल्ली में हर्ष मल्होत्रा को नया अध्यक्ष नियुक्त किया गया।
उल्लेखनीय है कि वर्तमान अध्यक्ष सुनील जाखड़ का तीन साल का कार्यकाल जुलाई में समाप्त हो गया है। सूत्रों के अनुसार जाखड़ 2027 की चुनावी मुहिम की नेतृत्व में अहम भूमिका निभाते रहेंगे। 75 वर्षीय ढिल्लो का जन्म बरनाला के टल्लेवाल गांव में हुआ था। उन्होंने 2007 से 2017 तक बरनाला से विधायक के रूप में सेवाएं दीं, जब उन्हें ‘आप’ के गुरमीत सिंह मीत ने हराया था। वह राज्य की चुनावी हार के बाद जून 2022 में भाजपा में शामिल हुए थे। बाद में उन्हें पंजाब भाजपा इकाई का मीट अध्यक्ष नियुक्त किया गया था।

