जालंधर, ENS: सफाई कर्मियों द्वारा 27 जुलाई को पंजाब बंद किया गया था। जिसके बाद शिक्षा मंत्री हरजोत बैंस ने सफाई कर्मियों की मांगों को मानकर पक्का करने पर मंजूरी दे दी है। इस मामले का चंदन ग्रेवाल द्वारा स्वागत किया गया और हड़ताल को खत्म किया गया था। लेकिन अब दोबारा से कुछ सफाई कर्मी यूनियन द्वारा 30 जुलाई को पंजाब बंद का आहवान किया गया है। इस फैसले पर चंदन ग्रेवाल गुस्से में दिखाई दिए। उन्होंनें 30 जुलाई को पंजाब बंद पर आपत्ति जताई। इसी के साथ उन्होंने कहा कि वह 30 जुलाई को पंजाब बंद की कॉल का समर्थन नहीं करेंगे।
चंदन ग्रेवाल का कहना हैकि पंजाब सरकार ने सफाई सेवकों को राहत देते हुए 5 साल की सेवा पूरी कर चुके अनुबंधित कर्मियों को नियमित करने का फैसला लिया है और इस प्रस्ताव को मुख्यमंत्री भगवंत मान ने मंजूरी दे दी है और जल्द इसकी नोटिफिकेशन जारी की जा रही है। उन्होंने कहा कि घटना में घायल हुए कर्मियों के परिवारों को 1-1 लाख रुपए मुआवजा देने का सरकार की ओर से ऐलान किया गया, वहीं जिनकी हल्की चोटें आई है, उन्हें 50-50 हजार रुपए देने का ऐलान किया गया है। इसी के साथ ही 10 हजार रुपए से अब कर्मियों की सैलरी बढ़ाकर दोगुना करते हुए 20 हजार रुपए कर दी है, जोकि सरकार का काफी बड़ा फैसला है।
लाठीचार्ज मामले में सरकार की ओर से एसआईटी बनाई गई है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है। वहीं कार्रवाई के दौरान थाने के कर्मियों को सस्पेंड किया जा रहा है। ऐसे में दोबारा से शहरवासियों को परेशान करना निंदनीय है। चंदन ग्रेवाल ने कहा कि 27 जुलाई को पंजाब बंद की कॉल के दौरान पुलिस कर्मियों को डिसमिस करने का ऐलान किया गया था और अब 30 जुलाई को भी यूनियन द्वारा इसी मांग को रखा जाएगा। चंदन ग्रेवाल ने कहा कि डिसमिस करने का पहला रूट सरकार ने मानते हुए उसे सस्पेंड किया है। उन्होंने कहा कि किसी सफाई कर्मी को भी तुरंत डिसमिस नहीं किया जा सकता है।
उनका कहना है कि कानून सभी के लिए एक है, ऐसे में एसआईटी द्वारा की जा रही जांच के बाद बनती कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहाकि कांग्रेस, भाजपा अकाली सरकार ने कभी कर्मियों की सैलेरी दोगुना करने का फैसला नहीं किया है। कोरोना काल का जिक्र करते हुए कहा कि कैप्टन सरकार ने 500 रुपए कर्मियों की बढ़ोतरी की थी। इस दौरान कहा था कि कोरोना काल में अगर किसी कर्मी की मौत होती है उसे 50 लाख रुपए दिया जाएगा, लेकिन उसे पूरा नहीं किया। इस फैसले को आप सरकार ने पूरा किया। चंदन ग्रेवाल ने कहा कि 30 जुलाई को उनके द्वारा बाजार खुला रखने का समर्थन है।

