जालंधर, ENS: विजयदशमी उत्सव को लेकर तैयारियां शुरू हो गई है। वहीं 20 अक्टूबर को श्री महाकाली मंदिर दशहरा कमेटी की तरफ से साईं दास स्कूल की ग्राउंड में इस बार 100 फीट के रावण, 50 फीट का मेघनाद व 55 फीट का कुंभकरण का पुतला फूंका जाएगा। ऐसे में साईं दास स्कूल की ग्राउंड में तीनों के पुतले बनाए जा रहे है। जिसकी तस्वीरें भी सामने आई है। तस्वीरों में देखा जा सकता है कि रावण, मेघनाद और कुंभकरण के चेहरे बनकर तैयार हो गए है। वहीं कारीगर शहजाद ने बताया कि वह प्रत्येक साल यहां पर पुतला बनाते है।
इस बार बारिश आने पर भी पुतलों पर कोई असर नहीं पड़ेगा। कारीगर ने बताया कि यह स्पेशल वाटर प्रूफिंग कलर आगरा से लेकर आए है। ऐसे में पुतलों पर पानी पड़ने पर कोई असर नहीं पड़ेंगा। पुतलों को बनाने के लिए 18 कारीगर लगे है। पुतलों को तैयाक करने में उन्हें 2 महीने लग गए। कारीगर ने कहा कि 19 तारीख को पुतलों को खड़ा कर दिया जाएगा। ऐसे में पुतलों को तैयार करने के लिए दिन रात मेहनत करनी पड़ती है।
कारीगर के अनुसार पुतले की लागत 2 से ढाई लाख रुपए लग गए। वहीं कमेटी के प्रेजिडेंट तरसेम कपूर ने कहा कि पुतलों को तैयार करने के लिए तैयारियां जोरों पर है। उन्होंने कहा कि सोमवार को पुतलों को खड़ा कर दिया जाएगा। जालंधर में सबसे बड़ा रावण का पुतला यहीं पर बनाया जाता है। इस बार 100 फीट का रावण का पुतला तैयार किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि 37 वां दहशरा इस मैदान पर मनाया जा रहा है।
इस मैदान के पास भारी मात्रा में लोग देखने के लिए हर साल पहुंचते है। उन्होंने कहा कि आगरा से स्पेशल कारीगर बुलाए जाते है और पिछले 18 सालों से यही कारीगर उनके पास आ रहे है। तरसेम कपूर ने कहा कि अभी तो सिर्फ पुतला तैयार किया जा रहा है। अभी पुतलों में पटाखों के साथ रंग बिरंगी लाइटों सहित अन्य सजावट की जाएगी। इसी लिए साईं दास स्कूल के मैदान में रावण, कुभंकरण और मेघनाद के पुतलों का दहन देखने के लिए लोगों में भारी उत्साह देखने को मिलता है।
