शिमला: रैम्प (RAMP) परियोजना के अंतर्गत उद्योग विभाग, हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा केलांग, जिला लाहौल एवं स्पीति में एक दिवसीय स्टेकहोल्डर कॉन्क्लेव का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में कुल 40 उद्यमियों एवं हितधारकों ने भाग लिया। कॉन्क्लेव का मुख्य उद्देश्य सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (MSMEs) को रैम्प परियोजना, प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना तथा वित्तीय सहायता से संबंधित विभिन्न अवसरों के प्रति जागरूक करना और उनके व्यवसाय विकास को प्रोत्साहित करना रहा।
कार्यक्रम में जिला उद्योग केंद्र, लाहौल स्पीति के प्रबंधक सोमेश शर्मा तथा भारतीय स्टेट बैंक (SBI) के लीड डिस्ट्रिक्ट मैनेजर (LDM) सुनील मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने प्रतिभागियों को सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने, बैंकिंग सुविधाओं की जानकारी प्राप्त करने तथा अपने व्यवसायों को सुदृढ़ बनाने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के दौरान रैम्प (RAMP) परियोजना के उद्देश्यों, MSMEs के विकास में इसकी भूमिका तथा उद्यमियों के लिए उपलब्ध अवसरों पर जानकारी प्रदान की गई। इसके अतिरिक्त, प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना (PM Vishwakarma Yojana) पर एक विशेष सत्र आयोजित किया गया, जिसका संचालन नताशा कटोच ने किया। उन्होंने प्रतिभागियों को योजना के उद्देश्यों, पात्रता एवं प्रमुख लाभों के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
कॉन्क्लेव के दौरान सतर्कता (Vigilance) एवं साइबर सुरक्षा (Cyber Security) के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से प्रतिभागियों को शपथ भी दिलाई गई। इस पहल के माध्यम से ईमानदारी, पारदर्शिता एवं जिम्मेदारी के मूल्यों को बढ़ावा देने के साथ-साथ डिजिटल लेनदेन और ऑनलाइन गतिविधियों के दौरान साइबर सुरक्षा संबंधी सावधानियों के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया गया।
