चंडीगढ़। हरियाणा में निवेश को आकृषित करने, औद्योगिक सहयोग को बढ़ावा देने और प्रदेश में उपलब्ध व्यावसायिक अवसरों से देश-विदेश के निवेशकों को अवगत कराने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में हरियाणा का एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल 27 और 28 अक्टूबर को गुजरात के सूरत और गांधीनगर का दौरा करेगा। इस दौरान निवेशकों के साथ प्रत्यक्ष संवाद, उद्योग जगत के प्रतिनिधियों के साथ बैठकें और हरियाणा इन्वेस्टमेंट रोडशो के माध्यम से प्रदेश की औद्योगिक एवं आर्थिक संभावनाओं को प्रस्तुत किया जाएगा और निवेशकों को हरियाणा में निवेश के लिए आमंत्रित किया जाएगा। इस दौरान मुख्यमंत्री के साथ उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री राव नरबीर सिंह भी मौजूद रहेंगे। उद्योग एवं वाणिज्य विभाग के आयुक्त एवं सचिव डॉ अमित अग्रवाल ने जानकारी देते हुए बताया कि 27 अक्टूबर को सूरत में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी निवेशकों के साथ वन-टू-वन बैठकें करेंगे। इन बैठकों में निवेश की संभावनाओं, औद्योगिक विस्तार और हरियाणा में व्यवसाय स्थापित करने से जुड़े अवसरों पर चर्चा की जाएगी। इसके उपरांत प्रवासी मिलन समारोह आयोजित किया जाएगा।
*गांधीनगर में हरियाणा इन्वेस्टमेंट रोडशो* डॉ. अमित अग्रवाल ने बताया कि 28 अक्टूबर को गांधीनगर में हरियाणा इन्वेस्टमेंट रोडशो आयोजित किया जाएगा, जिसमें विभिन्न क्षेत्रों के प्रमुख उद्योगपति, निवेशक और उद्योग जगत के प्रतिनिधि भाग लेंगे। इस रोडशो का उद्देश्य हरियाणा में निवेश की व्यापक संभावनाओं से उद्योग जगत को अवगत कराना, निवेशकों के साथ सीधा संवाद स्थापित करना तथा प्रदेश में नए औद्योगिक निवेश को प्रोत्साहित करना है।
*‘मेक इन हरियाणा इंडस्ट्रियल पॉलिसी-2026 से निवेश और रोजगार को मिलेगा प्रोत्साहन* उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में हरियाणा सरकार ने प्रदेश में औद्योगिक विकास को गति देने, विनिर्माण क्षेत्र को मजबूत बनाने और निवेशकों के लिए अनुकूल वातावरण तैयार करने के उद्देश्य से ‘मेक इन हरियाणा इंडस्ट्रियल पॉलिसी-2026’ लागू की है। राज्य सरकार का लक्ष्य इन नीतिगत पहलों के माध्यम से वर्ष 2030-31 तक लगभग 5 लाख करोड़ रुपये का नया निवेश आकर्षित करना और 10 लाख से अधिक रोजगार अवसरों का सृजन करना है। इससे हरियाणा में औद्योगिक विस्तार, तकनीकी नवाचार और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा। डॉ. अमित अग्रवाल ने कहा कि सूरत और गांधीनगर का यह दौरा हरियाणा की औद्योगिक क्षमता और निवेश की संभावनाओं को व्यापक मंच पर प्रस्तुत करने का अवसर है। हरियाणा सरकार का यह प्रयास प्रदेश को देश के अग्रणी निवेश गंतव्यों में और अधिक सशक्त बनाने, घरेलू एवं वैश्विक निवेशकों का विश्वास बढ़ाने तथा उद्योगों के विस्तार के लिए अनुकूल अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इस पहल से प्रदेश में नए औद्योगिक उपक्रमों की स्थापना, मौजूदा उद्योगों के विस्तार, रोजगार के नए अवसरों के सृजन और आर्थिक गतिविधियों को गति मिलने की संभावनाएं मजबूत होंगी।