काकामिगाहारा: भारत ने एशियन गेम्स में 19वां गोल्ड मेडल जीत लिया है। मेंस क्रिकेट टीम ने फाइनल में पाकिस्तान को हराकर गोल्ड अपने नाम किया। इससे पहले प्रणवी उर्स ने गोल्फ के विमेंस इंडिविजुअल स्ट्रोक प्ले में और 17 साल की तीरंदाज कुमकुम मोहोद ने रिकर्व महिला इंडिविजुअल कैटेगरी में गोल्ड जीता था। भारत ने शनिवार को कुल 5 मेडल अपने नाम किए। इसके साथ ही भारत के कुल 81 मेडल हो गए हैं और वह मेडल टैली में 5वें स्थान पर है। भारतीय हॉकी टीम ने कभी लगातार 2 एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल नहीं जीता है। ऐसे में टीम जब शनिवार को मलेशिया के खिलाफ फाइनल में उतरेगी तो उसके पास इतिहास रचने के साथ-साथ लॉस एंजिलिस ओलंपिक 2028 का टिकट कटाने का भी सुनहरा मौका होगा। इस मैच में भारत की उम्मीदें कप्तान हरमनप्रीत सिंह पर लगी होंगी, जिन्होंने अब तक पेनल्टी कॉर्नर पर 10 गोल किए हैं।
पाकिस्तान के सूफियान खान के बाद इन खेलों में उनके नाम सर्वाधिक गोल हैं। स्ट्राइकर अभिषेक और दिलप्रीत सिंह भी 9-9 गोल कर चुके हैं। मलेशिया के पास अनुभवी फैजल सारी और अबु कमाल अजराइ हैं जो 9-9 गोल कर चुके हैं। भारत अगर स्वर्ण पदक जीत जाता है तो हरमनप्रीत लगातार दो एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाले पहले भारतीय कप्तान होंगे। वहीं मनप्रीत सिंह तीन एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाले इकलौते भारतीय खिलाड़ी बन जाएंगे। वह 2014 और 2023 में स्वर्ण जीत चुके हैं।
बता दें कि मगर सेमीफाइनल में चिर प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान के खिलाफ की गई गलतियां मलेशिया के विरुद्ध उनकी परेशानी बढ़ा सकती है। दरअसल, पाकिस्तान के खिलाफ 23वें मिनट तक तीन गोल की बढ़त बनाने के बाद भारत ने दूसरे हाफ में तीन गोल गंवा दिए और आखिरी सीटी बजने से 45 सेकंड पहले अभिषेक के गोल के दम पर 4 . 3 से मिली जीत से फाइनल में जगह बनाई। पिछली बार की चैंपियन भारतीय टीम को डिफेंस मजबूत रखना होगा। डिफेंस के चरमराने से ही पाकिस्तानी टीम का वापसी का मौका मिला था। दूसरी ओर मलेशिया ने दक्षिण कोरिया को 2-1 से हराकर फाइनल में प्रवेश किया। पिछले तीन बार में मलेशिया दूसरी बार फाइनल में पहुंचा है।
