अमन अरोड़ा ने कहा कि यह समझौता एकल इंटरफेस के माध्यम से विभिन्न सरकारी प्रणालियों और निजी लॉजिस्टिक्स ऑपरेटरों के बीच रियल-टाइम डेटा साझा करने की सुविधा प्रदान करेगा। उन्होंने कहा कि एक सक्षम एवं कुशल लॉजिस्टिक्स इकोसिस्टम औद्योगिक विकास का महत्वपूर्ण आधार है। यह साझेदारी व्यापारिक प्रक्रियाओं को सरल बनाएगी, रियल-टाइम निगरानी के माध्यम से माल की आवाजाही को अधिक प्रभावी बनाएगी तथा निर्यातकों, एमएसएमई और परिवहन क्षेत्र को प्रत्यक्ष लाभ पहुंचाएगी। उद्योग मंत्री ने कहा कि पंजाब को निवेश के लिए पसंदीदा गंतव्य बनाने की दिशा में यह पहल एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे लेन-देन की लागत कम होगी तथा राज्य की ईज ऑफ डूइंग बिजनेस संबंधी साख और अधिक मजबूत होगी।
उन्होंने कहा कि यूएलआईपी एकीकरण से सरकारी विभागों, लॉजिस्टिक्स सेवा प्रदाताओं तथा उद्योग जगत के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होगा। इससे सप्लाई चेन की दृश्यता बढ़ेगी, अक्षमताओं में कमी आएगी तथा पंजाब की निर्यात प्रतिस्पर्धात्मकता को नया बल मिलेगा। अमन अरोड़ा ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार आधुनिक, पारदर्शी और निवेशक-अनुकूल औद्योगिक वातावरण तैयार करने के लिए निरंतर ठोस कदम उठा रही है। एनएलडीएसएल के साथ यह समझौता राज्य के लॉजिस्टिक्स बुनियादी ढांचे को मजबूत करने तथा उद्योग एवं निवेशकों को विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
उन्होंने कहा कि यह साझेदारी प्रौद्योगिकी आधारित सुशासन और उद्योगों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में भी महत्वपूर्ण सिद्ध होगी। यह प्लेटफॉर्म बुनियादी ढांचे के विकास के लिए तथ्य आधारित योजना निर्माण में सहायता करेगा तथा उत्तर भारत में माल परिवहन के दौरान आने वाली प्रमुख बाधाओं की पहचान करने में भी मददगार साबित होगा। समझौते के उपरांत एनएलडीएसएल ने राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के अधिकारियों के लिए एक तकनीकी कार्यशाला का आयोजन किया। इसमें तीन प्रमुख समाधानों पर प्रस्तुति दी गई, जिनमें कंटेनर दृश्यता के लिए लॉजिस्टिक्स डेटा बैंक, रियल-टाइम शिपमेंट ट्रैकिंग के लिए ट्रैक योर ट्रांसपोर्ट तथा फ्लीट एवं माल प्रबंधन के लिए ट्रांसपोर्ट मैनेजमेंट सिस्टम शामिल हैं।

