चंडीगढ़ः पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने राज्य की महिलाओं को दी जाने वाली ‘मावां धियां सत्कार योजना’ की बधाई दी। इस दौरान उन्होंने इस स्कीम को लेकर महत्वपूर्ण ऐलान किया है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया है कि जिन महिलाओं का नाम नई वोटर सूची में दर्ज नहीं होगा, वे सरकार की प्रमुख ‘मावां धियां सत्कार योजना’ सहित अन्य सरकारी योजनाओं का लाभ लेने से वंचित रह सकती हैं। उन्होंने पंजाब की सभी माताओं, बहनों और बेटियों से भारत के चुनाव आयोग द्वारा चलाई जा रही वोटों की शुद्धि प्रक्रिया, जिसे SIR (Special Intensive Revision) कहा जाता है, में हिस्सा लेने और फॉर्म भरने की जोरदार अपील की है।
वीडियो में पंजाब के मुख्यमंत्री ने सबसे पहले महिलाओं को बधाई देते हुए कहा, “माताओं, बेटियों और बहनों को बहुत-बहुत बधाई। मैंने उनके खातों में पैसे डालकर अपना एक और बड़ा वादा पूरा कर दिया है।” इसके साथ ही उन्होंने एक जरूरी जानकारी साझा करते हुए बताया कि चुनाव आयोग द्वारा वोटों की शुद्धि और नई वोटर लिस्ट तैयार करने का काम (SIR) बड़े जोर-शोर से किया जा रहा है।
सीएम मान ने बताया कि नई वोटर सूची में अपना नाम सुरक्षित रखने के लिए हर योग्य नागरिक को यह फॉर्म भरना होगा। यदि कोई भी महिला यह फॉर्म नहीं भरती है, तो उसका नाम वोटर सूची से काटा जा सकता है। वोटर सूची में नाम न होने की सूरत में वह ‘मावां धियां सत्कार योजना’ के तहत मिलने वाली मासिक वित्तीय सहायता (1000/1500 रुपये) और अन्य जन-कल्याणकारी योजनाओं के लाभ से वंचित रह जाएंगी।
मुख्यमंत्री ने महिलाओं से अपील की कि वे अपने वोट के अधिकार को बचाने के लिए इस प्रक्रिया को हल्के में न लें और SIR का फॉर्म लाजमी तौर पर भरें। उन्होंने यह भी कहा कि यदि किसी को यह फॉर्म भरने में कोई दिक्कत आती है, तो वह अपने इलाके के लोकल वॉलंटियरों या बूथ लेवल अधिकारियों (BLOs) से संपर्क कर सकते हैं, जो फॉर्म भरने में उनकी पूरी मदद करेंगे।

