लुधियाना: पॉश इलाके पीएयू थाना क्षेत्र के ऋषि नगर में 12 से 15 हथियारबंद बदमाशों ने घर में घुसकर बाप-बेटे पर जानलेवा हमला कर दिया। हैरानी वाली बात यह है कि घटना के दौरान हमलावर जेल में बंद गैंगस्टर से व्हाट्सएप वीडियो कॉल पर ‘लाइव’ जुड़े हुए थे। जेल की सलाखों के पीछे से गैंगस्टर चीख-चीख कर निर्देश दे रहा था और उसके गुर्गे खूनी खेल खेल रहे थे। इस घटना का खौफनाक सीसीटीवी फुटेज भी सामने आ गया है। वीडियो में देखा जा सकता है कि बदमाश हाथों में नंगी तलवारें और दातर लेकर घर के अंदर दाखिल हो रहे हैं और नौजवान पर हमला कर रहे है।
वहीं नौजवान गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल युवक की पहचान राहुल के रूप में हुई है, जो इस समय दयानंद मेडिकल अस्पताल में जिंदगी और मौत की जंग लड़ रहा है। राहुल के सिर पर गंभीर चोटें आई हैं और कई टांके लगे हैं। अस्पताल में उपचार के दौरान राहुल ने पूरी वारदात की आपबीती सुनाई है। राहुल ने बताया कि शाम के समय वह परिवार के साथ घर पर बैठा था। तभी अचानक 12-15 बदमाश पूरी तैयारी के साथ आए। उन्होंने आते ही घर का मुख्य दरवाजा तोड़ दिया और अंदर घुस गए। उनके हाथों में तेजधार हथियार और पिस्तौलें थीं। बदमाशों ने आते ही राहुल को घेर लिया और पिस्तौल की बट से उसके सिर व माथे पर ताबड़तोड़ वार किए।
राहुल ने खुलासा किया कि वारदात के दौरान एक हमलावर ने अपने हाथ में मोबाइल पकड़ा हुआ था, जिस पर व्हाट्सएप वीडियो कॉल चालू थी। कॉल के दूसरी तरफ जेल में बैठा गैंगस्टर मोविश था। मोविश जेल से ही लाइव होकर चिल्ला रहा था कि “इसे मारो, इसे गालियां निकालो।”
जब राहुल के पिता बग्गा लाल अपने बेटे को खून से लथपथ देखकर उसे बचाने दौड़े, तो बदमाशों ने उन्हें भी नहीं बख्शा। हमलावरों के पास दो अवैध हथियार (पिस्तौल) थे। उन्होंने राहुल और उसके पिता के सिर पर पिस्तौल तान दी और जान से मारने की धमकी दी, ताकि कोई शोर न मचा सके। दहशत फैलाने के लिए हमलावरों ने जाते-जाते घर के गेट पर सीधी गोली भी चलाई। पीड़ित के मुताबिक, हमलावरों में युवराज सिद्धू, उसका सगा भाई विशाल सिद्धू, तनिश उर्फ लल्ला, सैम और मुट्टू मुख्य रूप से शामिल थे। इनके अलावा कई अज्ञात बदमाश भी थे जिनकी पहचान सीसीटीवी के जरिए की जा रही है।
यह कोई अचानक हुई वारदात नहीं थी। राहुल ने बताया कि दोनों पक्षों के बीच सोशल मीडिया (फेसबुक लाइव) पर एक-दूसरे को देख लेने की खुली चुनौतियां दी गई थीं। इसी रंजिश के चलते करीब 5-7 दिन पहले भी इन्ही हमलावरों ने राहुल के घर के बाहर आकर सरेआम गालियां दी थीं और धमकी दी थी कि ‘बाहर निकल, तेरे पूरे परिवार को खत्म कर देंगे।’ मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस एक्शन में आ गई है। पुलिस ने पीड़ित राहुल और उसके पिता बग्गा लाल के बयानों और घटनास्थल से मिले सीसीटीवी फुटेज के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है। जेल से चल रहे इस पूरे नेटवर्क को लेकर भी पुलिस गहनता से जांच कर रही है कि आखिर जेल के अंदर फोन कैसे पहुंचा।

