ऩई दिल्ली: अगर आप सोशल मीडिया पर रील्स और वीडियो बनाने के शौकिन हैं और आपके कई फॉलोअर्स हैं तो आपके लिए एक खुशखबरी है। बिहार की सरकार ने अब कंटेंट क्रिएटर्स और सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर्स के लिए एक खास प्रतियोगिता शुरु की है। इस प्रतियोगिता में शानदार वीडियो या रील बनाने वाले क्रिएटर्स को 3 लाख रुपये तक का कैश प्राइज मिलेगा। सिर्फ इतना ही नहीं दूसरे विजेताओं को भी नकद पुरस्कार और गिफ्ट्स भी मिलेंगे। इस पहल का उद्देश्य यह है कि देश-दनिया में श्रावणी मेला 2026 और कांवड यात्रा की धार्मिक, सांस्कृतिक और पर्यटन महत्व को डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए बढ़ावा देना है।
ये लोग ले सकते हैं हिस्सा
श्रावणी मेला 2026 से जुड़ी हुई इस प्रतियोगिता में भारत का कोई भी सोशल मीडिया कंटेंट क्रिएटर हिस्सा ले पाएगा परंतु इसके लिए भी कुछ शर्तें पूरी करनी पड़ेगी। इसमें जैसे कि आपके इंस्टाग्राम, यूट्य़ूब, फेसबुक या दूसरे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर कम से कम 25,000 फॉलोअर्स होने चाहिए जो भी हिस्सा ले रहे हैं वो भारतीय नागरिक होने चाहिए। इसके साथ ही वीडियो या रील खुद की बनाई हुई होनी चाहिए। कंटेंट पूरी तरह से श्रावणी मेला और कांवड़ यात्रा पर ही आधारित होना चाहिए।
वीडियो बनाने के लिए ये होंगे नियम
प्रतियोगिता में शामिल होने के लिए आपको वीडियो बनाते समय ध्यान देना चाहिए। वीडियो की 30 सैकेंड में 2 मिनट के बीच में हो। सिर्फ इतना ही नहीं वीडियो HD Quality में रिकॉर्ड किया गया है। वीडियो के कंटेंट में श्रावणी मेला, कांवड़ यात्रा, श्रद्धालुओं की यात्रा, धार्मिक परंपराएं, स्थानीय संस्कृति या पर्यटन स्थलों को भी दिखाया जा सकता है। इसके साथ ही वीडियो में किसी भी तरह का भ्रामक, आपत्तिजनक या फिर कॉपी किया हुआ कंटेंट नहीं होना चाहिए। इसके अलावा एआई से बने हुए वीडियो या रील स्वीकार नहीं किए जाएंगे। ‘
इतनी मिलेगी इनाम की राशि
पहला पुरस्कार जीतने वाले को 3 लाख रुपये मिलेंगे। दूसरा पुरस्कार जीतने वाले को 2 लाख रुपये मिलेंगे। तीसरा पुरस्कार जीतने वाले को 1 लाख रुपये मिलेंगे। दो प्रतिभागियों को 50-50 हजार रुपये का पुरस्कार मिलेंगे। इसके अलावा पांच प्रतिभागियों को 25-25 हजार रुपये के सांत्वना पुरस्कार और गिफ्ट्स भी मिंलेगे।
13 अगस्त तक कर सकते हैं आवेदन
बिहार पर्यटन विभाग के अनुसार, प्रतियोगिता में आवेदन करने की अंतिम तिथि 13 अगस्त 2026 तय की गई है। इसके बाद कोई आवेदन नहीं लिया जाएगा। विभाग सभी जमा किए गए हैं। इसके अलावा कंटेंट की करीबन 45 दिनों तक निगरानी भी की जाएगी ताकि नियमों का उल्लंघन न किया जाए।
इस वजह से शुरु हुई प्रतियोगिता
बिहार सरकार का मुख्य उद्देश्य सोशल मीडिया की ताकत का इस्तेमाल करते हुए श्रावणी मेला और कांवड़ यात्रा को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाना है। सरकार यह चाहती है कि युवा कंटेंट क्रिएटर्स अपनी क्रिएटिविटी से इस धार्मिक आयोजन की भव्यता, संस्कृ,ति और पर्यटन स्थलों की दुनिया तक पहुंचा दें। इसी कारण से इस बार प्रतियोगिता में बड़े कैश प्राइज और कई गिफ्ट्स भी रखे गए हैं।
