टांडा (होशियारपुर), 15 अप्रैल 2026: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने लंबे समय से विकास से वंचित कंडी क्षेत्र को बड़ी सौगात देते हुए टांडा उरमुर में ₹150 करोड़ की लागत वाले व्यापक विकास प्रोजेक्ट्स की शुरुआत की। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह पहल केवल परियोजनाओं का उद्घाटन नहीं है, बल्कि पिछले करीब 70 वर्षों से चली आ रही उपेक्षा और राजनीतिक भेदभाव को समाप्त करने की दिशा में एक निर्णायक कदम है। उन्होंने कहा कि पूर्ववर्ती सरकारों ने इस क्षेत्र को विकास की मुख्यधारा से दूर रखा, जिसके कारण यहां के लोगों को बुनियादी सुविधाओं के लिए भी संघर्ष करना पड़ा। अब राज्य सरकार इस क्षेत्र को समग्र विकास के रास्ते पर आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है।
सड़क, पुल, पेयजल और स्वास्थ्य सुविधाओं में बड़ा निवेश
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बताया कि ₹141.88 करोड़ की लागत से लिंक सड़कों के नवीनीकरण और उन्नयन के प्रोजेक्ट्स लोगों को समर्पित किए गए हैं। इससे ग्रामीण इलाकों की कनेक्टिविटी बेहतर होगी और व्यापार, शिक्षा तथा स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच आसान बनेगी, उन्होंने बताया कि गurdwara रामपुर खेड़ा साहिब जाने वाली संगत की सुविधा के लिए ₹2.39 करोड़ की लागत से हाई-लेवल ब्रिज का निर्माण किया जाएगा, जिससे हर मौसम में सुरक्षित आवागमन सुनिश्चित होगा।
स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने के लिए कंधाला शेखां, राजपुर, धुग्गा कलां, प्रेमपुर, गिलजियां और जहूरा गांवों में आधुनिक हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर स्थापित किए जा रहे हैं। इसके अलावा गढ़दीवाला में ₹1.35 करोड़ की लागत से अर्बन प्राइमरी हेल्थ सेंटर बनाया जा रहा है, जिससे शहरी क्षेत्र के लोगों को भी बेहतर चिकित्सा सेवाएं मिलेंगी।
तलवंडी डड्डियां गांव में ₹1.54 करोड़ की लागत से पेयजल आपूर्ति परियोजना भी शुरू की गई है, जो स्वच्छ और सुरक्षित पानी उपलब्ध कराने में मदद करेगी।
शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र में ऐतिहासिक सुधार
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने शिक्षा और स्वास्थ्य को प्राथमिकता दी है, जिसके सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं। उन्होंने बताया कि पंजाब ने नेशनल अचीवमेंट सर्वे 2024 में देश में पहला स्थान हासिल किया है, जो शिक्षा व्यवस्था में सुधार का प्रमाण है। उन्होंने कहा कि हाल के वर्षों में 740 छात्रों ने JEE और 1284 छात्रों ने NEET जैसी कठिन परीक्षाएं पास की हैं। राज्य में 118 स्कूल ऑफ एमिनेंस स्थापित किए जा रहे हैं, जिनमें से 60 पहले ही शुरू हो चुके हैं। इन स्कूलों का उद्देश्य छात्रों को उनकी क्षमता और रुचि के अनुसार गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देना है।
स्वास्थ्य क्षेत्र में 990 आम आदमी क्लीनिक पहले से संचालित हैं, जहां 107 दवाइयां और 47 प्रकार के टेस्ट मुफ्त उपलब्ध हैं। मुख्यमंत्री ने बताया कि जल्द ही 400 और क्लीनिक खोले जाएंगे ताकि हर नागरिक को उसके घर के पास ही स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकें, मुख्यमंत्री सेहत योजना के तहत लगभग 65 लाख परिवारों को हेल्थ कार्ड जारी किए जा रहे हैं, जिससे प्रत्येक परिवार को ₹10 लाख तक का कैशलेस इलाज मिल रहा है। अब तक लाखों लोग इस योजना का लाभ उठा चुके हैं।
किसानों को राहत और सिंचाई व्यवस्था में सुधार
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहली बार राज्य में किसानों को दिन के समय बिजली दी जा रही है, जिससे उनकी कार्यक्षमता और जीवन स्तर में सुधार आया है। उन्होंने बताया कि सिंचाई के लिए नहरों के पानी का उपयोग पहले 22 प्रतिशत था, जो अब बढ़कर 71 प्रतिशत हो गया है और इसे जल्द ही 90 प्रतिशत तक ले जाने का लक्ष्य है। इससे भूजल पर निर्भरता कम होगी और कृषि अधिक टिकाऊ बनेगी।
उन्होंने यह भी कहा कि राज्य सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में सड़कों, खेल मैदानों और अन्य बुनियादी ढांचे के विकास पर भी लगातार काम कर रही है।
विपक्ष पर हमला
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने अकाली दल और कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि इन पार्टियों ने वर्षों तक केवल अपने राजनीतिक और पारिवारिक हितों को प्राथमिकता दी और जनता के विकास को नजरअंदाज किया। उन्होंने कहा कि अब पंजाब के लोग जागरूक हो चुके हैं और वे विकास आधारित राजनीति को समर्थन दे रहे हैं, न कि केवल वादों और प्रचार को।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य पंजाब के हर क्षेत्र का संतुलित और समग्र विकास सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि जनता के टैक्स का पैसा पारदर्शिता के साथ विकास कार्यों में लगाया जा रहा है और यह सीधे लोगों की भलाई में इस्तेमाल हो रहा है।
उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले समय में पंजाब एक विकसित, समृद्ध और आत्मनिर्भर राज्य के रूप में उभरेगा, जहां हर नागरिक को बेहतर जीवन स्तर और सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
