HomeGovernment NewsHaryana Govtहरियाणा में वोटर लिस्ट पुनरीक्षण तेज, राजनीतिक दलों को BLA-BLO बैठकें आयोजित...

हरियाणा में वोटर लिस्ट पुनरीक्षण तेज, राजनीतिक दलों को BLA-BLO बैठकें आयोजित करने के निर्देश

WhatsApp Group Join Now
WhatsApp Channel Join Now

चंडीगढ़: हरियाणा के मुख्य निर्वाचन अधिकारी श्री ए. श्रीनिवास ने सभी राष्ट्रीय व राज्य स्तरीय मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों से आह्वान किया है कि भारत निर्वाचन आयोग के आदेशानुसार राज्य में चल रहे मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम के अनुसार अपने बूथ लेवल एजेंटस की बूथ लेवल अधिकारियों के साथ बैठकें आयोजित करें और इसकी तिथि व समय की जानकारी चुनाव कार्य में लगे अधिकारियों को अग्रिम रूप से सूचित करें और इसकी उचित वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी भी सुनिश्चित करवाएं। मतदाता सूचियों का यह विशेष गहन पुनरीक्षण 14 जुलाई, 2026 तक जारी रहेगा। मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन 22 सितंबर, 2026 को होना निर्धारित है।

श्री ए. श्रीनिवास आज चंडीगढ़ के सेक्टर-17 स्थित अपने कार्यालय में राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ एसआइआर को लेकर बैठक कर रहे थे। उन्होंने सूचित किया कि भारत निर्वाचन आयोग ने मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण का कार्यक्रम जारी कर दिया है। जिन मामलों में ‘गणना फॉर्म’ वापस नहीं मिले हैं, वहां बूथ स्तर के अधिकारी पड़ोस के निवासियों से पूछताछ कर “अनुपस्थित”, “स्थानांतरित”, “मृत”, या “डुप्लिकेट” जैसे संभावित कारणों की पहचान कर सकते हैं और उसी के अनुसार रिकॉर्ड दर्ज कर सकते हैं। बीएलओ को निर्देश दिया गया है कि वे जानकारी एकत्र करने के लिए ऐसे प्रत्येक घर का कम से कम तीन बार दौरा करेंगे।

जिन मतदाताओं के नाम प्रारूप सूची में शामिल नहीं हैं, उनकी बूथ-वार सूची पंचायत भवनों, शहरी स्थानीय निकाय कार्यालयों और ब्लॉक विकास एवं पंचायत अधिकारियों के कार्यालयों के नोटिस बोर्ड पर प्रदर्शित की जाएगी ताकि जनता की इन सूचियों तक पहुंच सुनिश्चित हो सके। इसके साथ ही नाम शामिल न होने के संभावित कारण भी प्रदर्शित किए जाएंगे। आयोग ने सभी मुख्य निर्वाचन अधिकारियों को इन सूचियों को संकलित करने और उन्हें सीईओ की वेबसाइट पर सुलभ प्रारूप में अपलोड करने के साथ-साथ संबंधित जिला निर्वाचन अधिकारियों की वेबसाइटों पर भी ऐसी ही सूचियां अपलोड करने का निर्देश दिया है।

घर-घर जाकर गणना की प्रक्रिया के दौरान, बीएलओ को नए मतदाताओं के नामांकन की सुविधा के लिए कम से कम 30-40 खाली फॉर्म-6 आवेदन और खाली घोषणा पत्र (अनुबंध-4) साथ ले जाने के निर्देश दिए गए हैं। जनप्रतिनिधि अधिनियम 1950 की धारा 17 व 18 के अनुसार कोई भी व्यक्ति एक से अधिक निर्वाचन क्षेत्र में मतदाता के रूप में अपना पंजीकरण करवाने का हकदार नहीं है। बीएलए भी मतदाताओं से गणना फॉर्म एकत्र कर बीएलओ को सौंप सकते हैं। रोजगार, शादी या किसी अन्य कारणों से मतदाता स्थायी रूप से किसी दूसरी पोलिंग स्टेशन में शिफ्ट हो गए हैं और ऐसे मतदाताओं ने पिछले पंजीकृत पोलिंग स्टेशन से अपना नाम नहीं कटवाया है तो ऐसे स्थायी रूप से शिफ्ट हुए मतदाताओं के गणना पत्र उसके परिवार के किसी सदस्य को संबधित बीएलओ को वापिस करना होगा।

उन्होंने आगे स्पष्ट किया कि यदि घर-घर सर्वेक्षण के दौरान कोई मतदाता मौजूद नहीं है, तो परिवार का कोई भी वयस्क सदस्य फॉर्म पर हस्ताक्षर करके उसे बीएलओ को सौंप सकता है। सभी प्रकार की श्रेणियों जैसे कि मृत्यु या किसी अन्य कारण से मृत मतदाता का नाम विशेष गहन निरीक्षण 2026 की ड्राफ्ट मतदाता सूची में शामिल नहीं किया जायेगा। श्री श्रीनिवास ने बताया कि हरियाणा में आखिरी बार विशेष गहन पुनरीक्षण वर्ष 2002 में आयोजित किया गया था। गणना फॉर्म आधिकारिक वेबसाइट से डाउनलोड किए जा सकते हैं। उन्होंने यह भी बताया कि सभी जिला मुख्यालयों और निर्वाचन क्षेत्रों में एक समर्पित हेल्पलाइन नंबर 1950 स्थापित किया गया है। यह हेल्पलाइन सुबह 7:00 बजे से रात 9:00 बजे तक दो पालियों में काम करेगी।

अब तक पंजीकृत मतदाताओं की संख्या 2,06,55,929 है जिनमें से 75,63, 762 मतदाताओं का गणना प्रपत्र डिजिटाइज़ किये जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि एसआइआर के कार्य में 20629 बीएलओ कार्य कर रहे हैं और औसतन प्रति बीएलओ 1028 मतदाताओं की संख्या है। श्री श्रीनिवास ने कहा कि सभी उपायुक्तों-सह-जिला निर्वाचन अधिकारियों को विशेष रूप से फरीदाबाद, गुरुग्राम, सोनीपत और पंचकूला की ऊंची इमारतों/सोसायटियों में बीएलओ की पहुंच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने दोहराया कि एसआईआर कार्य में लगे अधिकारियों पर कोई अनुचित दबाव नहीं होगा और यह अभ्यास सुचारू रूप से आयोजित किया जाएगा। राज्यों के मुख्य सचिवों को जारी ईसीआई के निर्देशों के अनुसार, जिला निर्वाचन अधिकारी निर्वाचक पंजीकरण अधिकारी या सहायक निर्वाचक पंजीकरण अधिकारी के रूप में अधिसूचित कोई भी पद खाली नहीं रहेगा। इसके अलावा, एसआईआर कार्य से जुड़े किसी भी अधिकारी व कर्मचारी तबादला आयोग की पूर्वानुमति के बिना नहीं किया जाएगा।

इस प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अतिरिक्त मुख्य निर्वाचन अधिकारी रितु, अपूर्व, संयुक्त मुख्य निर्वाचन अधिकारी राज कुमार लोहान के अलावा राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।

- Advertisement - spot_img
- Advertisement - spot_img

Disclaimer

All news on Encounter India are computer generated and provided by third party sources, so read and verify carefully. Encounter India will not be responsible for any issues.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -

Latest News

- Advertisement -
- Advertisement -