पंचकूला: पुलिस ने व्यवसायी की गाड़ी से लाखों रुपये की नकदी चोरी करने के मामले को 24 घंटों के अंदर सुलझा लिया है। इस वारदात का मास्टरमांइड कोई और नहीं बल्कि पीड़ित व्यवसायी का पिछले 5 सालों से कार्यरत विश्वसनीय ड्राइवर ही निकला है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करके उसके कब्जे से चोरी की गई पूरी राशि बरामद कर ली है।
एसीपी सुरिंदर सिंह डोडी ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि 21 फरवरी को सेक्टर-2 पुलिस चौकी में एक व्यवसायी ने शिकायत दर्ज करवाई थी। शिकायतकर्ता ने बताया कि वह अपने व्यवसाय के सिलसिले में अक्सर अपनी फॉर्च्यूनर कार में नकदी रखते हैं। 16 फरवरी को उनके गाड़ी में करीबन 3 लाख रुपये रखे हुए थे परंतु 17 फरवरी की सुबह जब उन्होंने चेक किया तो उसमें से 1 लाख 70 हजार रुपये गायब थे।
इसके अगले दिन फिर से गाड़ी से 50 हजार रुपये गायब थे। इसके अगले दिन फिर से गाड़ी से 50 हजार रुपये की चोरी हुई। इस तरह आरोपी ने कार से कुल 2 लाख 20 हजार रुपये की नकदी चोरी की है। सेक्टर-5 थाना में इस बारे में चोरी का मामला दर्ज किया गया है। एंटी व्हीकल थेफ्ट टीम के इंचार्ज सुनील कुमार और जांच अधिकारी एएसआई कर्मजीत सिंह के नेतृत्व में गठित टीम ने जब तकनीकी साक्ष्यों और परिस्थितियों की जांच की तो उन्हें शक की सुई व्यवसायी के 45 साल के ड्राइवर राजीव पर टिकी है जो मूल तौर पर रोहतक के कन्हेली का रहने वाला है।
वर्तमान समय में वह पंचकूला के सेक्टर-2 में रहता था। पुलिस ने सिर्फ 24 घंटे के अंदर कार्रवाई करते हुए आरोपी राजीव को दबोच लिया। पूछताछ में यह सामने आया है कि आरोपी ने विश्वास घात करते हुए गाड़ी के रिमोट की एक डुप्लीकेट कॉपी बनवाई थी। इसकी मदद से वह मौका पाकर गाड़ी खोलता और पैसे चोरी कर लेता था।
इस मामले में डीसीपी क्राइम एंड ट्रैफिक मनप्रीत सिंह सूदन ने जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस टीम ने आरोपी के कब्जे से चोरी किए गए 2 लाख 20 हजार रुपये बरामद कर लिए हैं। आरोपी ने शिकायतकर्ता के भरोसे का फायदा उठाते हुए बड़ी चालाकी से वारदात को अंजाम दिया है लेकिन हमारी क्राइम यूनिट ने तुरंत कार्रवाई के जरिए आरोपी को भागने का मौका नहीं दिया। हमने शत प्रतिशत रिकवरी सुनिश्चित की है।
हम नागरिकों से भी अपील करते हैं कि अपन घरेलू सहायकों या चालकों पर आंख मूंदकर विश्वास न करे साथ ही पुलिस वेरिफिकेशन भी जरुर करवाएं।
