अलवरः जिले के आगर गांव में हाई-वोल्टेज ड्रामे का मामला सामने आया है। जहां, जागरण के लिए पीले चावल बांटने के दौरान हुए विवाद के बाद एक युवक मोबाइल टावर पर चढ़ गया और पुलिस पर रिपोर्ट दर्ज नहीं करने का आरोप लगाया। इस दौरान मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई और लोगों ने उसे खूब समझाने का प्रयास किया, लेकिन उसने किसी की नहीं मानी। करीब 2 घंटे समझाइश के बाद युवक नीचे उतरा और उसे सुरक्षित घर पहुंचाया गया।
जानकारी देते भाजपा नेता रोहिताश घांघल ने बताया की आगर गांव में शनिवार को श्याम जागरण का आयोजन होना है, जिसके लिए गांव के युवा घर-घर जाकर पीले चावल बांट रहे हैं। आरोप है कि 31 मई की रात को किसी बात को लेकर गांव के ही कुछ युवकों से कहासुनी हो गई, जिसके बाद उन्होंने अखिलेश प्रजापत के साथ मारपीट कर दी थी। अखिलेश का कहना है कि वह 1 जून को शिकायत लेकर प्रतापगढ़ थाने पहुंचा था, लेकिन पुलिस ने उसकी रिपोर्ट दर्ज नहीं की और उसे वहां से भगा दिया।
इसके बाद कार्रवाई नहीं होने से नाराज अखिलेश अब गांव में बने मोबाइल टावर पर चढ़ गया और पुलिस पर रिपोर्ट दर्ज नहीं करने तथा डरा-धमकाकर भगाने के आरोप लगाए। अखिलेश के टावर पर चढ़ने की सूचना मिलते ही मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। भाजपा नेता रोहिताश घांघल भी मौके पर पहुंचे। करीब 2 घंटे तक चले घटनाक्रम के बाद पुलिस और प्रशासन की समझाइश पर अखिलेश टावर से नीचे उतर आया। पुलिस अधिकारियों ने उसे आश्वासन दिया कि जिन युवकों पर मारपीट का आरोप है, उनके खिलाफ जांच कर जल्द कार्रवाई की जाएगी और आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा।
वहीं प्रतापगढ़ थाना अधिकारी राजकुमार ने बताया कि युवक की शिकायत पहले ही ले ली गई थी और मामले की जांच की जा रही थी। जांच के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जानी थी। फिलहाल, युवक को समझाकर उसके घर सुरक्षित भेज दिया है।
