चंडीगढ़: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि आज देश में आवश्यकता आरोपों की राजनीति की नहीं, बल्कि तथ्यों की राजनीति की है। लोकतंत्र में विपक्ष को सरकार का विरोध करने, सवाल पूछने और जवाब मांगने का पूरा अधिकार है, लेकिन सवाल तथ्यों पर आधारित होने चाहिए और किसी संवैधानिक संस्था पर आरोप लगाए जाते हैं तो उसके पीछे ठोस प्रमाण भी होने चाहिए।
मुख्यमंत्री रविवार को गुरुग्राम में आयोजित प्रेस वार्ता को संबोधित कर रहे थे। प्रेस वार्ता में हरियाणा के उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री राव नरबीर सिंह, सोहना के विधायक तेजपाल तंवर, पटौदी की विधायक बिमला चौधरी, मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार राजीव जेटली भी मौजूद रहे।
चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाने से पहले तथ्य सामने रखे विपक्ष
मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले कुछ समय से कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों की ओर से चुनाव आयोग, चुनाव प्रक्रिया और अन्य संवैधानिक संस्थाओं को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी संस्था की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाना लोकतंत्र का हिस्सा हो सकता है, लेकिन बिना प्रमाण के गंभीर आरोप लगाना उचित नहीं है।
नायब सिंह सैनी ने कहा कि राजनीतिक मतभेद लोकतंत्र का स्वाभाविक हिस्सा हैं, लेकिन इन मतभेदों के कारण लोकतांत्रिक संस्थाओं के प्रति अविश्वास पैदा नहीं होना चाहिए। उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री एवं भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी के विचार का उल्लेख करते हुए कहा कि “चुनाव आएंगे, चुनाव जाएंगे, लेकिन राष्ट्र अमर रहना चाहिए।”
