कैमूरः बिहार में पूर्ण शराबबंदी के बावजूद शराब तस्करी और इससे जुड़े मामले थमने का नाम नहीं ले रहे। वहीं कैमूर जिले के मोहनिया में दसौती गांव के पास शराब से भरी एक कार पानी में जा गिरी। बताया जा रहा है कि पुलिस ने चैकिंग के लिए नाकेबंदी की हुई थी। इस दौरान तस्करों ने पुलिस को देख आग लगी गाड़ी पानी भरे गड्ढे में धकेल दी। हरियाणा नंबर की एक कार से भारी मात्रा में शराब बरामद हुई। कार से शराब के पैकेट पानी में गिरते ही मौके पर मौजूद ग्रामीणों में उन्हें उठाने की होड़ मच गई। घटना का वीडियो सामने आया है, जिसमें कुछ लोग शराब के पैकेट लेकर जाते दिखाई दे रहे हैं।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सड़क से गुजर रही सफेद कार में अचानक आग लग गई। इसके बाद कार सवार लोगों ने गाड़ी से शराब की एक बोतल निकाली और कार को धक्का देकर सड़क किनारे पानी से भरे गड्ढे में पलट दिया। इसके बाद सभी कार सवार पास के नहर वाले रास्ते से फरार हो गए। सूचना मिलने पर मोहनिया थाने की पुलिस मौके पर पहुंची।
पुलिसकर्मी स्थानीय लोगों की मदद से पानी में डूबी कार को बाहर निकालने लगे। इसी दौरान कार के अगले हिस्से से फ्रूटी पैक में रखी शराब के कई पैकेट पानी में गिरकर तैरने लगे। शराब देखते ही मौके पर मौजूद कुछ लोग पानी में उतर गए और पैकेट उठाकर ले जाने लगे। वायरल वीडियो में पुलिस की मौजूदगी के दौरान कुछ लोगों को शराब के पैकेट लेकर जाते हुए देखा जा सकता है।
इस संबंध में मोहनिया थानाध्यक्ष मुकेश कुमार ने बताया कि ग्रामीणों ने शराब उठाई थी, लेकिन उसे वापस ले लिया गया है। शराब लेकर कोई फरार नहीं हुआ है। उधर, सामने आए वीडियो में कुछ लोग शराब के पैकेट लेकर जाते दिखाई दे रहे हैं। ऐसे में पुलिस के दावे और वीडियो में नजर आ रहे दृश्यों को लेकर सवाल उठ रहे हैं। शराबबंदी कानून के प्रभावी क्रियान्वयन के बीच पुलिस की मौजूदगी में शराब के पैकेट उठाए जाने की यह घटना चर्चा का विषय बनी हुई है। घटना ने शराब तस्करी पर अंकुश लगाने और ऐसी परिस्थितियों में पुलिस की कार्रवाई को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं।
