चंडीगढ़ः भारतीय किसान यूनियन चढूनी ने एक प्रेस वार्ता का आयोजन किया है। जिसमें यूनियन के राष्ट्रीय अध्यक्ष गुरनाम चढूनी, पंजाब प्रधान हैप्पी, विक्रम युवा अध्यक्ष हरियाणा, सोनू हुड्डा हरियाणा महिला प्रधान, कर्मवीर हरियाणा प्रधान और राकेश मीडिया प्रभारी शामिल रहे।
राष्ट्रीय अध्यक्ष गुरनाम चढूनी ने अमेरिकी ट्रेड डील को लेकर गंभीर चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि देश के लिए ट्रेड डील ठीक नहीं है, इससे देशवासियों पर असर पड़ेगा।
उन्होंने कहा कि डील साइन होने से भारत के किसान को नुकसान होगा। भारत के किसान को अमेरिका के किसान के साथ जोड़ा जाएगा। अमेरिका में खेती बड़े-बड़े खेतों में होती है और भारत में छोटे खेतों में होती है। भारत की खेती अजीविका है और अमेरिका की खेती व्यापार है। डील से कृषि, डेयरी और पोल्ट्री सेक्टर प्रभावित होंगे। अमेरिका में 60 लाख से पौने 2 करोड़ सबसिडी है। भारत में सबसिडी नाममात्र है। भारत का किसान अमेरिका का सामना नहीं कर सकता। इस डील से सरकार भारत अमेरिका से आने वाली किसी भी चीज पर टेक्स नहीं लगा सकती है, जिसका किसान विरोध कर रहे है। 23 जून को यूनियन डील पूरे देश में विरोध प्रदर्शन करेंगी।
MSP और सरकारी खरीद व्यवस्था पर दबाव बनने की आशंका है। चढूनी ने बाजारों और सार्वजनिक स्थानों पर मजदूर, संगठन और छात्र संगठनों से शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने की अपील की है। 25 जून को चंडीगढ़ के किसान भवन सेक्टर 35 A में संयुक्त बैठक बुलाई गई।
