केवी हमीरपुर के विद्यार्थियों ने प्रयोगशालाओं का किया दौरा, करियर विकल्पों और आधुनिक तकनीक की बारीकियों को समझा
ऊना,सुशील पंडित: भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईआईटी) ऊना में पीएम केंद्रीय विद्यालय (केवी), हमीरपुर के 68 विद्यार्थियों और चार संकाय सदस्यों के लिए आउटरीच कार्यक्रम आयोजित किया गया। 9 अक्टूबर को आयोजित इस कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को उच्च तकनीकी शिक्षा, बारहवीं के बाद करियर के विकल्पों, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और अंतरिक्ष विज्ञान के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। इस पहल का उद्देश्य विद्यार्थियों को विज्ञान, प्रौद्योगिकी और अनुसंधान के क्षेत्र में भविष्य की संभावनाओं से परिचित कराना था।
कार्यक्रम के पहले सत्र में डॉ. निष्ठा हुड्डा ने विद्यार्थियों को IIIT ऊना की शैक्षणिक गतिविधियों और संस्थान में उपलब्ध अवसरों की जानकारी दी। उन्होंने बारहवीं कक्षा के बाद करियर के विभिन्न विकल्पों पर मार्गदर्शन करते हुए दैनिक जीवन में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की बढ़ती भूमिका पर भी प्रकाश डाला। इससे विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीक के व्यावहारिक उपयोग और भविष्य में इसके बढ़ते महत्व को समझने का अवसर मिला।
प्रयोगशालाओं में देखे प्रयोग और विद्यार्थियों के प्रोजेक्ट
सैद्धांतिक जानकारी के साथ विद्यार्थियों को संस्थान की भौतिकी और रसायन विज्ञान प्रयोगशालाओं का भ्रमण भी करवाया गया। यहां उन्होंने विभिन्न प्रयोगों और विद्यार्थियों की ओर से तैयार किए गए प्रोजेक्ट्स को देखा। इस दौरान उन्हें तकनीकी संस्थान में प्रयोग आधारित शिक्षा, वैज्ञानिक सोच और नवाचार की भूमिका को करीब से समझने का अवसर मिला।
एस्ट्रोनॉमी क्लब ने अंतरिक्ष विज्ञान से कराया रूबरू
कार्यक्रम के अगले सत्र में IIIT ऊना के एस्ट्रल (Astral) एस्ट्रोनॉमी क्लब की ओर से अंतरिक्ष और खगोल विज्ञान पर विशेष सत्र आयोजित किया गया। विश्व अंतरिक्ष सप्ताह के अवसर पर हुए इस सत्र में विद्यार्थियों को अंतरिक्ष विज्ञान की बुनियादी अवधारणाओं और खगोल विज्ञान से जुड़े विषयों की जानकारी दी गई। इस गतिविधि ने विद्यार्थियों की ब्रह्मांड के प्रति जिज्ञासा बढ़ाने और वैज्ञानिक खोज के प्रति रुचि विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
यह आउटरीच कार्यक्रम IIIT ऊना की आउटरीच प्रोग्राम टीम ने फैकल्टी कोऑर्डिनेटर डॉ. शोनल चौकसी के मार्गदर्शन में छात्र स्वयंसेवकों के सहयोग से आयोजित किया। संस्थान के निदेशक प्रो. मनीष गौर और कुलसचिव डॉ. रवि सैनी का भी इस पहल को प्रोत्साहन और संस्थागत सहयोग मिला।
IIIT ऊना की इस पहल का उद्देश्य स्कूली विद्यार्थियों को उच्च तकनीकी शिक्षा के माहौल से परिचित कराना और उनके लिए विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में उपलब्ध अवसरों को समझना आसान बनाना है। ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों को अपनी रुचि पहचानने, वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित करने और भविष्य में तकनीकी शिक्षा एवं अनुसंधान के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करते हैं।
