कामकाज बंद करने की कगार पर पहुंचे छोटे दुकानदार
जालंधर, ENS: एक महीने बाद फिर से एलपीजी गैस के दामों में बढ़ौतरी देखने को मिली है। देश भर के साथ-साथ पंजाब के व्यापारियों और रेस्टोरेंट संचालकों को महंगाई का तगड़ा झटका लगा है। कमर्शियल सिलेंडरों का इस्तेमाल होटल, रेस्टोरेंट और छोटे व्यवसायों की ओर से किया जाता है, यानी अब बाहर खाना खाना आपके लिए और महंगा हो जाएगा। अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा बाजार में जारी उतार-चढ़ाव और आपूर्ति चेन में पैदा हुए व्यवधानों के बीच तेल विपणन कंपनियों ने आज, 1 जून 2026 से एलपीजी गैस सिलेंडरों की नई दरें लागू कर दी हैं। जालंधर में कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमत में 42 रुपये प्रति सिलेंडर का इजाफा किया गया है। इस बढ़ोतरी के बाद अब नया रेट बढ़कर ₹3,220.50 हो गया है, जो पिछले महीने (मई) में ₹3,178.50 प्रति सिलेंडर था। ऐसे में छोटे व्यापारियों के लिए काम करना ओर मुश्किल हो गया है।
वहीं छोटे दुकानदारों का कहना है कि बड़े व्यापारियों को 50-100 रुपए दाम बढ़ने से कोई फर्क नहीं पढ़ता, क्योंकि उनके रेस्टोरेंट में बढ़े लोग आते है। लेकिन छोटे व्यापारियों को काफी नुकसान होगा। दरअसल, लेबर लोग ही उनके पास खाने के लिए आती है। वहीं अजय कुमार ने कहा कि पिछले महीने सरकार द्वारा 900 रुपए रेट बढ़ाए गए, लेकिन अब दोबारा से दामों में बढ़ौतरी की गई। उन्होंने कहा कि हाल ही में उनके द्वारा दामों में बढ़ौतरी की गई, लेकिन अब दोबारा दुकानदार रेट बढ़ाएंगे तो ग्राहक कहां से आएंगे। ग्राहक पहले ही रेट बढ़ाने से नाराज है, लेकिन बार-बार वह रेट कहां से बढ़ाए। दुकानदार ने छोटे व्यापारियों को राहत देने की अपील की है। उनका कहना है कि आए दिन सिलेंडरों के दाम बढ़ने से उनकी दुकानदारी भी खराब हो रही है।
वहीं सतीश कुमार ने कहा कि ढाबा संचालक अब बंद करने की कगार पर आ गए है। 3100 रुपए सिलेंडर खरीदने पर वह कहां से काम करेंगे। सिलेंडर पर कोई सब्सीडी नहीं मिल रही। हाल ही में 900 रुपए रेट बढ़ाए गए थे, लेकिन आज फिर से 42 रुपए बढ़ा दिए गए। दुकानदार ने कहा कि वह 50 रुपए सब्जी के साथ 2 परांठे बेच रहे है। ऐसे में अगर 5 रुपए दाम बढ़ाते है तो ग्राहक नाराज हो जाते है। दुकानदार ने कहा कि छोटे व्यापारी को काफी नुकसान हो रहा है। अगर वह काम धंधा नहीं चला पाएंगे तो लेबर का खर्चा कहां से उठा पाएंगे। सरकार से उन्होंने राहत की अपील की है।
वहीं जतिन ने कहाकि लगातार कीमतें बढ़ने से सबसे ज्यादा छोटे दुकानदारों को नुकसान हो रहा है। पिछले महीने दाम बढ़ने के बाद दुकानदारों द्वारा दाम बढ़ाए गए, लेकिन अब दोबारा से दाम बढ़ने के बाद वह दुकान के सामान के रेट नहीं बढ़ा सकते। इससे ग्राहक नाराज हो जाता है, ऐसे में दुकानदारों को ही यह नुकसान झेलना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि छोटा दुकानदार काफी परेशान हो रहा है। ऐसे में सरकार को छोटे व्यापारियों को राहत देने चाहिए। गौरतलब है कि एलपीजी की कीमतों में यह बढ़ोतरी वैश्विक ऊर्जा संकट के चलते की गई है, क्योंकि पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक अस्थिरता के कारण कच्चे तेल की कीमतों में भारी उछाल आया है। इससे पता चलता है कि भारत इन दिनों सप्लाई में आई रुकावट और आयात पर बढ़े हुए खर्च का भारी दबाव झेल रहा है।

