बिजनौरः उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले में जिस महिला की मौत को पहले गुलदार के हमले का मामला माना जा रहा था, वह अब हत्या का मामला निकला है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि महिला की गला दबाकर हत्या उसके ही छोटे बेटे ने की थी। इसके बाद आरोपी ने सबूत छिपाने और सरकारी मुआवजा पाने के लिए घटना को गुलदार के हमले का रूप देने की कोशिश की। पुलिस ने आरोपी बेटे को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। चांदपुर सर्किल के पुलिस उपाधीक्षक देशदीपक के मुताबिक, हीमपुर दीपा थाना क्षेत्र के अभीपुर जट गांव निवासी बीरो देवी सोमवार को जंगल गई थीं।
कुछ देर बाद सूचना मिली कि उन पर गुलदार ने हमला कर दिया, जिससे उनकी मौत हो गई। मृतका के बेटे बहाल सिंह उर्फ मनिया ने अधिकारियों के सामने भी इसे गुलदार का हमला बताते हुए हंगामा किया और सरकार से मुआवजे की मांग की। अधिकारियों ने नियमानुसार जांच के बाद कार्रवाई का आश्वासन दिया था। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। रिपोर्ट में मौत का कारण संदिग्ध मिलने पर जांच का दायरा बढ़ाया गया। इसी बीच वन विभाग ने भी घटना पर संदेह जताया। वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, महिला के शरीर पर गुलदार के पंजों या हमले के सामान्य निशान नहीं मिले थे। यही बात पुलिस के लिए भी संदेह का कारण बनी। जांच के दौरान पुलिस का शक मृतका के छोटे बेटे बहाल सिंह उर्फ मनिया पर गया।
हिरासत में लेकर पूछताछ की गई तो आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने बताया कि घर में मां से अक्सर झगड़ा होता था। वह उसे ताने देती थीं, जिससे वह परेशान था। इसी विवाद के चलते उसने गला दबाकर मां की हत्या कर दी। पूछताछ में आरोपी ने यह भी बताया कि हत्या के बाद उसने गांव में गुलदार के हमले की अफवाह फैला दी, ताकि किसी को उस पर शक न हो। साथ ही उसे सरकार से 5 लाख रुपये का मुआवजा भी मिल जाए। पुलिस का कहना है कि आरोपी ने पूरी वारदात को दुर्घटना दिखाने की कोशिश की, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट और वैज्ञानिक जांच के आधार पर सच्चाई सामने आ गई। पुलिस ने आरोपी बहाल सिंह को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।

