पंचकूलाः हरियाणा में बारिश के चलते नदी में पानी बढ़ गया। वहीं मोरनी टिकर ताल, मोरनी बड़ी शेर मार्ग, मोरनी थापली वाया चडी मंदिर मोरनी, रायपुर रानी मार्ग पर पहाड़ों से गिर रहे हैं। इसी के साथ मोरनी की घग्घर नदी का जलस्तर भी बढ़ गया है। ऐसे में प्रशासन की ओर से लोगों से ध्यान से चलने की अपील की है। इस दौरान प्रशासन की ओर से कहा गया है कि पत्थर गिरने के कारण कुछ मार्ग बंद कर दिए गए है। बता दें कि बीते दिन गुमथला गांव जाने वाले बरसाती नदी के रास्ते पर को पानी का जलस्तर अचानक बढ़ जाने से स्कूली बच्चे और ग्रामीण करीब 5 घंटे तक फंसे रहे।
पानी कम होने के बाद ही बच्चे अपने घरों के लिए रवाना हो सके। जानकारी के अनुसार, बरसात के चलते नदी में पानी बढ़ गया, जिससे गुमथला को जाने वाला संपर्क मार्ग पूरी तरह बाधित हो गया। स्कूल से लौट रहे कई बच्चे नदी के एक किनारे पर ही रुकने को मजबूर हो गए। उनके साथ कई ग्रामीण भी सुरक्षित जलस्तर का इंतजार करते रहे। इसी दौरान एक कार भी तेज बहाव में फंस गई। स्थानीय लोगों ने ट्रैक्टर की मदद से काफी मशक्कत के बाद वाहन को सुरक्षित बाहर निकाला। गनीमत रही कि इस दौरान कोई जनहानि नहीं हुई।
करीब 5 घंटे बाद बरसाती नदी का जलस्तर घटा, जिसके बाद स्कूली बच्चों और ग्रामीणों ने नदी पार कर अपने गांव गुमथला के लिए रवाना हुए। बीते दिन हुई तेज बारिश के कारण पंचकूला के निचले इलाकों में पानी जमा हो गया। नाडा साहिब गांव के प्राथमिक स्कूल पानी से भर गया है। कमरों तक में पानी घुस गया। पंचकूला के गुमथला गांव निवासियों का कहना है कि बरसात के मौसम में हर साल यही स्थिति बनती है। कई बार प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से बरसाती नदी पर स्थायी पुल बनाने तथा सुरक्षित संपर्क मार्ग उपलब्ध कराने की मांग की जा चुकी है, लेकिन अब तक इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उनका कहना है कि हर बारिश में बच्चों, बुजुर्गों और ग्रामीणों की जान जोखिम में पड़ जाती है।

